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बेबाक नेता के रूप में जाने जाते हैं अनिल शास्त्री, 1989 में वाराणसी से बने थे सांसद

अनिल शास्त्री, पूर्व प्रधानमंत्री लाल बहादुर शास्त्री बेटे और कांग्रेस के वरिष्ठ नेताओं में से एक हैं. स्वच्छ और ईमानदार छवि वाले अनिल शास्त्री को बेबाक नेता के तौर जाना जाता है.

News Nation Bureau | Edited By : Dalchand Kumar | Updated on: 25 Mar 2021, 11:59:31 AM
Anil Shastri

बेबाक नेता के रूप में जाने जाते हैं अनिल शास्त्री,वाराणसी से रहे सांसद (Photo Credit: फाइल फोटो)

highlights

  • बेबाक नेता जाने जाते हैं अनिल शास्त्री
  • कांग्रेस के वरिष्ठ नेताओं में से एक
  • लाल बहादुर शास्त्री के बेटे हैं अनिल

वाराणसी:

अनिल शास्त्री, पूर्व प्रधानमंत्री लाल बहादुर शास्त्री बेटे और कांग्रेस के वरिष्ठ नेताओं में से एक हैं. स्वच्छ और ईमानदार छवि वाले अनिल शास्त्री को बेबाक नेता के तौर जाना जाता है. वह देश की सक्रिय राजनीति में अक्सर अपनी बातों को निडर और बेबाक तरीके से रखते आए हैं. कांग्रेस पार्टी में भी वे अपनी स्पष्टवादिता के लिए विशेष रूप से जाने जाते हैं. पहली बार वह 1989 में वाराणसी से लोकसभा के सांसद चुने गए. जिसके बाद उन्हें केंद्र में वित्त मंत्रालय की जिम्मेदारी दी गई थी. वर्तमान समय में अनिल शास्त्री कांग्रेस कार्यसमिति के सदस्य हैं.

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अनिल शास्त्री का संक्षिप्त जीवन परिचय

अनिल शास्त्री, भारत के दूसरे प्रधानमंत्री लाल बहादुर शास्त्री के द्वितीय पुत्र हैं. उनका जन्म लखनऊ में हुआ था. उनकी मां का नाम ललिता शास्त्री है. अनिल शास्त्री ने स्कूली शिक्षा राजधानी दिल्ली में की. उन्होंने दिल्ली के सेंट कोलंबिया स्कूल और सेंट स्टीफन कॉलेज में पढ़ाई की. इसके बाद उन्होंने ऐस्ट्रिज बिजिनेस स्कूल यूके से ऐडवांस मैनेजमेंट प्रोग्राम का कोर्स किया. 24 फरवरी 1973 को उनकी शादी मंजू श्रीवास्तव के साथ ही. दोनों के तीन बेटे हैं. स्नातक करने के बाद अनिल शास्त्री ने 17 साल एक कॉरपोरेट ऑफिस में काम किया.

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अनिल शास्त्री का राजनीतिक करियर

कॉरपोरेट ऑफिस से इस्तीफा देने के बाद अनिल शास्त्री राजनीति में आए. पूर्व प्रधानमंत्री लाल बहादुर शास्त्री के कनिष्ठ पुत्र अनिल शास्त्री को 1989 में जनता दल ने वाराणसी से टिकट दिया था. इस चुनाव में अनिल शास्त्री ने जीत हासिल की और संसद में स्थान पाया. माना जाता है कि चुनाव में उन्हें कांग्रेस विरोधी लहर और लाल बहादुर शास्त्री के पुत्र होने का लाभ मिला था. सांसद बनने के बाद अनिल शास्त्री को सरकार में भी जगह मिल गई. केंद्र सरकार में उन्हें वित्त मंत्रालय में उपमंत्री पद से सुशोभित किया गया. अनिल शास्त्री फिलहाल कांग्रेस कार्यसमिति के सदस्य हैं.

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First Published : 25 Mar 2021, 11:47:36 AM

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