News Nation Logo
संसद में हमने पेगासस का मुद्दा उठाया था: राहुल गांधी पेगासस देश पर, देश के संस्थानों पर एक हमला है: राहुल गांधी पेगासस को कोई प्राइवेट पार्टी नहीं खरीद सकती: राहुल गांधी आर्यन की जमानत पर सुनवाई जारी हिमाचल प्रदेश के कुल्लू में हुआ अग्निकांड अत्यंत दुखद है: पीएम मोदी मलाणा गांव में त्रासदी के सभी पीड़ित परिवारों के प्रति पीएम मोदी ने संवेदना व्यक्त की राज्य सरकार और स्थानीय प्रशासन राहत और बचाव के काम में पूरी तत्परता से जुटे NCB के DDG ज्ञानेश्वर सिंह समेत NCB की 5 सदस्यीय टीम दिल्ली से मुंबई पहुंची प्रभाकर मुंबई के क्रूज़ ड्रग्स मामले में एक गवाह है दिल्ली में 1 नवंबर से खुल सकेंगे सभी स्कूल: मनीष सिसोदिया भारत सभी देशों के अधिकारों का सम्मान करता है: रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह हम अपने समुद्रों और विशेष आर्थिक क्षेत्र की रक्षा हर कीमत पर करेंगे: राजनाथ सिंह लालू ने सोनिया से समान विचारधारा वाले लोगों और पार्टियों को एक मंच पर लाने की बात कही सोनिया जी एक मजबूत विकल्प (सत्तारूढ़ पार्टी का) देने की दिशा में काम करें: लालू प्रसाद यादव मैंने सोनिया गांधी से बात की, उन्होंने मुझसे मेरी कुशलक्षेम पूछी: राजद नेता लालू प्रसाद यादव कांग्रेस महासचिव और यूपी प्रभारी प्रियंका गांधी ने दिल्ली में बुलाई हाई लेवल बैठक पटना के गांधी मैदान बम ब्लास्ट मामले का एक आरोपी फखरुद्दीन को रिहा पटना के गांधी मैदान बम ब्लास्ट मामले में सजा 1 नवंबर को सुनाई जाएगी NIA की स्पेशल कोर्ट ने 10 आरोपियों में से नौ को दोषी करार दिया सीएम तीर्थयात्रा योजना में अयोध्या शामिल: अरविंद केजरीवाल, सीएम दिल्ली दिल्ली के लोग रामलला के दर्शन कर सकेंगे: अरविंद केजरीवाल, सीएम दिल्ली कैप्टन अमरिंदर सिंह ने किया नई पार्टी बनाने का ऐलान, कहा- सभी 117 सीटों पर लड़ेंगे चुनाव

आंतरिक विस्थापन का शिकार हुआ अफगानिस्तान, घर छोड़ सुरक्षित ठिकानों की तलाश में भटक रहे लोग

अफगानिस्तान में लगभग 40 लाख लोग इंटरनली डिस्प्लेस्ड (आंतरिक विस्थापित) हुए हैं.

Written By : Sajid Ashraf | Edited By : Pradeep Singh | Updated on: 07 Sep 2021, 07:01:42 PM
kabul

अफगान विस्थापित (Photo Credit: NEWS NATION)

highlights

  • अफगानिस्तान में लगभग 40 लाख लोग हुए आंतरिक विस्थापित
  • जुलाई से 15 अगस्त तक 17,600 लोग क़ाबुल पहुंचे  
  • अफगानिस्तान के 22 लाख लोग पहले से ही पड़ोसी देशों में बतौर रेफ्यूजी शरण लिए हैं

नई दिल्ली:

अफ़ग़ानिस्तान में तालिबान के आने के बाद पलायन और आंतरिक विस्थापन जारी है. लाखों लोग देश छोड़ चुके हैं तो हजारों लोग अपना घर-बार छोड़ कर देश के अंदर ही विस्थापन के शिकार है. एक आंकड़े के अनुसार अफगानिस्तान में लगभग 40 लाख लोग इंटरनली डिस्प्लेस्ड (आंतरिक विस्थापित) हुए हैं. नार्थ ईस्ट और ईस्टर्न अफ़ग़ानिस्तान से सबसे ज़्यादा विस्थापन हुआ है. विस्थापितों का यह कारवां सुरक्षित ठिकाना खोजने के चक्कर में अपनी जड़ों से दूर जा रहा है. अफगानिस्तान के कुंदूज़ प्रांत से 40 हज़ार से ज़्यादा लोगों के विस्थापन की खबर है. विस्थापितों की यह परिघटना पूरे देश में देखी जा रही है. लेकिन आंकड़ों के अनुसार नांगरहार प्रांत से 25 हज़ार से ज़्यादा लोगों का विस्थापन हुआ है. इसी तरह हेलमंड प्रांत से 5 हज़ार से ज़्यादा लोगों के विस्थापन की खबर है. कुनार प्रोविंस से 20 हज़ार से ज़्यादा लोगों का विस्थापन हुआ है. 

यह भी पढ़ें:9/11 हमले की 20वीं बरसी पर होगा बड़ा ऐलान, तालिबान बना सकता है सरकार-रिपोर्ट

जुलाई से 15 अगस्त तक 17,600 लोग क़ाबुल पहुंचे. अफगानिस्तान का हर शख्स डरा हुआ है. पंजशीर घाटी में तालिबान का विरोध हो रहा है. वहां से पलायन की खबर नहीं है. अफगानिस्तान के 22 लाख लोग पहले से ही पड़ोसी देशों में बतौर रेफ्यूजी शरण लिए हुए हैं.1 लाख 23 हज़ार लोगों को यूएस और उसके सहयोगी फ़ोर्स ने एयरलिफ्ट किया है

संयुक्त राष्ट्र शरणार्थी एजेंसी यूएनएचसीआर का अनुमान है कि आने वाले महीनों में अगर स्थिति और बिगड़ती है तो अफगानिस्तान से करीब पांच लाख लोग पलायन कर सकते हैं. यूएनएचसीआर का कहना है कि पिछले हफ्ते तालिबान द्वारा कब्जा किए जाने के बाद अफगानिस्तान की स्थिति "अनिश्चित बनी हुई है और उसमें तेजी से बदलाव आ सकती है.’’  

संयुक्त राष्ट्र शरणार्थी एजेंसी का अनुमान है कि सिर्फ इस साल सशस्त्र संघर्ष के कारण अफगानिस्तान में 5,58,000 लोग आंतरिक रूप से विस्थापित हुए हैं. उनमें से हर पांच लोगों में से चार महिलाएं और बच्चे हैं.

विस्थापन की इस प्रक्रिया में सबसे अधिक परेशानी बच्चों, महिलाओं, बूढ़ों और बीमार को उठाना पड़ रहा है. वैश्विक एजेंसियों का अनुमान है कि विस्थापन की यह प्रक्रिया जारी रही तो देश में कोरोना संक्रमण बढ़ने की आशंका है.  दूसरे अफगानिसतान में खाद्य पदार्थों और दवाओं आदि की कमी पड़ सकती है.

First Published : 07 Sep 2021, 07:01:42 PM

For all the Latest World News, Download News Nation Android and iOS Mobile Apps.

वीडियो