Bangladesh Elections: बांग्लादेश में मतदान केंद्रों के 400 गज के दायरे में फोन के इस्तेमाल पर रोक, विरोध में उतरा जमात

Bangladesh Elections: बांग्लादेश में आम चुनाव से पहले चुनाव आयोग ने एक बड़ा फैसला किया है, जिसके विरोध में जमात सहित तमाम दक्षिणपंथी पार्टियां उतर आईं हैं.

Bangladesh Elections: बांग्लादेश में आम चुनाव से पहले चुनाव आयोग ने एक बड़ा फैसला किया है, जिसके विरोध में जमात सहित तमाम दक्षिणपंथी पार्टियां उतर आईं हैं.

author-image
Jalaj Kumar Mishra
New Update
jamaat

File Photo

Bangladesh Elections: बांग्लादेश में आम चुनाव होने वाले हैं. शेख हसीना के इस्तीफे के बाद पहली बार लोकतांत्रिक प्रक्रिया से देश में वोटिंग करवाई जाएगी. वोटिंग से पहले बांग्लादेश के चुनाव आयोग ने एक आदेश जारी किया है. आयोग के आदेश के अनुसार,  12 फरवरी को मतदान केंद्रों के 400 गज के दायरे में मोबाइल फोन के इस्तेमाल पर रोक रहेगी. दक्षिणपंथी राजनीतिक दल इसका विरोध कर रहे हैं. प्रदर्शनकारियों ने धमकी दी कि अगर ये फैसला वापस नहीं लिया गया तो आयोग के कार्यालय का घेराव किया जाएगा. 

Advertisment

निर्देश में कहा गया कि किसी भी व्यक्ति को मोबाइल फोन के साथ मतदान केंद्र में प्रवेश करने या फिर उसके 400 गज के दायरे में रहने की अनुमति नहीं होगी. ये प्रतिबंध मतदाताओं, मतदान एजेंटों और चुनाव ड्यूटी पर मौजूद सभी लोगों को लागू होगा. कुछ सीमित अपवादों के साथ.

बांग्लादेश हिंसा से जुड़ी ये खबर भी पढ़ें- Bangladesh Elections: ‘हिंदुओ के कल्याण का BNP ने किया वादा’, मैनिफेस्टो में लिखा- भारत से रिश्ते सुधारेंगे

ये लोग होंगे आदेश से बाहर

आयोग ने आगे कहा कि इस आदेश से सिर्फ पीठासीन अधिकारी, मतदान केंद्रों पर तैनात पुलिस प्रभारी अधिकारी, चुनाव ड्यूटी पर तैनात दो अधिकृत अर्ध-पुलिस अंसार सदस्य ही मुक्त रहेंगे. बाकी सब पर ये आदेश लागू होगा. 

बांग्लादेश हिंसा से जुड़ी ये खबर भी पढ़ें- Bangladesh Elections: ‘बांग्लादेश में सिर्फ अल्लाह का कानून चलेगा’, जमात नेता का चुनाव से पहले बड़ा बयान

बीएनपी ने जारी किया मेनिफेस्टो

चुनाव से पहले बांग्लादेश की पूर्व प्रधानमंत्री खालिदा जिया की पार्टी बांग्लादेश नेशनलिस्ट पार्टी यानी बीएनपी ने अपना घोषणा पत्र जारी किया, जिसमें उन्होंने कई बड़ी घोषणाएं की है. पार्टी का कहना है कि अगर वे चुनाव में जीतते हैं और सरकार बनाते हैं तो भारत सहित सभी पड़ोसी देशों के साथ संबंध सुधारे जाएंगे. बॉर्डर पर होने वाली हत्या और अवैध घुसपैठ को रोकने के लिए बड़े कदम उठाए जाएंगे. पूर्व बांग्लादेशी पीएम की पार्टी ने हिंदुओं सहित अन्य अल्पसंख्यक धर्म के लोगों के कल्याण के लिए फंडिंग बढ़ाने का वादा किया है. 

बांग्लादेश हिंसा से जुड़ी ये खबर भी पढ़ें- Bangladesh Elections: बांग्लादेश में अब चुनावी हिंसा जारी, उम्मीदवारों-कार्यकर्ताओं को निशाना बना रहे उपद्रवी

Bangladesh Elections
Advertisment