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हाथरस कांड: मायावती ने CBI जांच की मांग की, रामदात अठावले ने दिया ये जवाब

उत्तर प्रदेश के हाथरस की गुड़िया के साथ हुई दरिदंगी के बाद हुई मौत को लेकर उत्तर प्रदेश में राष्ट्रपति शासन की मांग करने वाली बसपा मुखिया मायावती ने हाथरस कांड की सीबीआई से जांच कराने की मांग उठाई है.

News Nation Bureau | Edited By : Vineeta Mandal | Updated on: 03 Oct 2020, 02:56:44 PM
Mayawati and  Ramdas Athawale

Mayawati and Ramdas Athawale (Photo Credit: (फोटो-ANI))

लखनऊ:

उत्तर प्रदेश के हाथरस की गुड़िया के साथ हुई दरिदंगी के बाद हुई मौत को लेकर उत्तर प्रदेश में राष्ट्रपति शासन की मांग करने वाली बसपा मुखिया मायावती ने हाथरस कांड की सीबीआई से जांच कराने की मांग उठाई है.

मायावती ने शनिवार को ट्वीट किया, "हाथरस के जघन्य कांड को लेकर पूरे देश में जबरदस्त आक्रोश है. इसकी शुरुआती जांच रिपोर्ट से जनता संतुष्ट नहीं लगती है. अत: इस मामले की सीबीआइ से या फिर माननीय सुप्रीम कोर्ट की निगरानी में जांच होनी चाहिए. बसपा की यह मांग है."

उन्होंने आगे लिखा, "देश के माननीय राष्ट्रपति यू.पी. से आते हैं व एक दलित होने के नाते भी इस प्रकरण में खासकर सरकार के अमानवीय रवैये को ध्यान में रखकर पीड़ित परिवार को न्याय दिलाने के लिए दखल देने की भी उनसे पुरजोर अपील."

वहीं रामदास अठावले ने मायावती के बयान पर जवाब देते हुए कहा, 'हाथरस में लड़की की मौत मानवता पर कलंक लगाने वाली घटना है. मायावती राजनीति कर रही हैं. उन्हें योगी आदित्यनाथ का इस्तीफा मांगने का कोई अधिकार नहीं है। वो CBI जांच की मांग कर रही हैं जबकि SIT द्वारा वहां मजबूत जांच हो रही है. परिवार खुद CBI जांच से इनकार कर रहा है.'

बसपा की राष्ट्रीय अध्यक्ष मायावती इससे पहले भी हाथरस और बलरामपुर कांड को लेकर भाजपा नेतृत्व से योगी आदित्यनाथ को उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री पद से हटाने की मांग की थी. इसके साथ ही उप्र की खराब कानून-व्यवस्था को लेकर यहां राष्ट्रपति शासन की मांग कर चुकी है.

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गौरतलब है कि उत्तर प्रदेश के हाथरस में 14 सितंबर को चंदपा क्षेत्र में चार लोगों ने एक अनुसूचित जाति की युवती का गैंगरेप किया और फिर गला दबाकर उसे मारने की कोशिश भी की, जिससे पीड़िता की जीभ कट गई. पीड़िता का इलाज बीते रविवार तक अलीगढ़ में चला लेकिन सोमवार (28 सितंबर) को उसे दिल्ली के सफदरजंग अस्पताल लाया गया, जहां पीड़िता ने मंगलवार को अंतिम सांस ली.

इसके बाद उसके शव का पोस्टमार्टम किया गया और शाम को शव हाथरस के लिए रवाना कर दिया गया. यहां लाकर पुलिस ने बुधवार तड़के करीब 2:45 बजे पीड़िता के शव का अंतिम संस्कार कर दिया. जिसके बाद मामला बढ़ता जा रहा है और विपक्षी दल पुलिस के कृत्य पर सवाल खड़े कर रहे हैं.

First Published : 03 Oct 2020, 02:56:44 PM

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