News Nation Logo

BREAKING

Banner

पेगासस परियोजना देश को बर्बाद करने की साजिश: देवेंद्र फडणवीस

महाराष्ट्र विधानसभा में भाजपा नेता देवेंद्र फडणवीस ने मंगलवार को कहा कि विपक्ष नहीं चाहता कि संसद सुचारू रूप से चले

News Nation Bureau | Edited By : Mohit Sharma | Updated on: 20 Jul 2021, 05:53:57 PM
देवेंद्र फडणवीस

Devendra Fadnavis (Photo Credit: ANI)

highlights

  • लोकसभा में पेगासस प्रोजेक्ट को लेकर विपक्ष ने किया भारी हंगामा
  • सदन की कार्यवाही 22 जुलाई 11 बजे तक को स्थगित कर दी गई
  • देवेंद्र फडणवीस ने मंगलवार को विपक्षी पार्टियों पर जमकर हमला बोला

नई दिल्ली:

संसद के मानसून सत्र (Monsoon Session of Parliament) के दूसरे दिन भी लोकसभा में पेगासस सॉफ्टवेयर (Pegasus project )से कथित जासूसी प्रकरण को लेकर मंगलवार को विपक्ष के सदस्यों ने भारी हंगामा करते हुए वेल में विरोध प्रदर्शन किया. जिसके कारण लोकसभा अध्यक्ष ने सदन की कार्यवाही 22 जुलाई को 11 बजे तक के लिए स्थगित कर दी. इस बीच महाराष्ट्र विधानसभा में भाजपा नेता देवेंद्र फडणवीस (Devendra Fadnavis) ने मंगलवार को विपक्षी पार्टियों पर जमकर हमला बोला. भाजपा नेता ने कहा कि विपक्ष नहीं चाहता कि संसद सुचारू रूप से चले. उन्होंने कहा कि पेगासस परियोजना देश को बर्बाद करने की साजिश है. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ( PM Narendra Modi ) की सरकार में टेलीग्राफ एक्ट मजबूत है. भाजपा नेता ने कहा ​कि यह साफ हो गया है कि अवैध हैकिंग नहीं होती है. 

विभिन्न मुद्दों पर 15 नोटिस भेजे गए

राज्यसभा के उप सभापति हरिवंश ने सदन को बताया कि सभी नेताओं ने इस पर सहमति जता दी है कि दोपहर 1 बजे से सदन में कोविड से जुड़े मुद्दों पर चचार्एं होंगी. सभापति एम. वेंकैया नायडू ने पहले कहा था कि विभिन्न मुद्दों पर 15 नोटिस भेजे गए थे, जिनमें से कुछ शून्यकाल के लिए थे. विपक्ष ने संयुक्त रूप से जासूसी के मुद्दे को संसद के दोनों सदनों में उठाने का फैसला किया है. कांग्रेस ने सोमवार को मांग की कि गृह मंत्री अमित शाह को बर्खास्त किया जाए, उनके द्वारा यह मुद्दा संसद के दोनों सदनों में उठाया जाएगा. आईटी मंत्री अश्विनी वैष्णव मंगलवार को फोन टैपिंग के मुद्दे पर उच्च सदन में अपना बयान दें.

यह भी पढ़ेंःलखनऊः डॉक्टर ने कहा- आजम खान के लिए अगले 72 घंटे बेहद महत्वपूर्ण  

क्या है पेगासस प्रोजेक्ट

पेगासस एक मैलवेयर है जो आईफोन और एंड्राइड उपकरणों को प्रभावित करता है. यह अपने उपयोगकतार्ओं को संदेश, फोटो और ईमेल खींचने, कॉल रिकॉर्ड करने और माइक्रोफोन सक्रिय करने की अनुमति देता है. वाशिंगटन पोस्ट की रिपोर्ट है कि 189 पत्रकारों, 600 से अधिक राजनेताओं और सरकारी अधिकारियों और 60 से अधिक व्यावसायिक अधिकारियों को एनएसओ समूह के क्लाइंट द्वारा लक्षित किया गया था, जिसका मुख्यालय इजराइल में है. 17 मीडिया संगठनों के 80 से अधिक पत्रकार आने वाले दिनों में सनसनीखेज खुलासे करेंगे. आक्रोश उबल रहा है, मुख्य प्रश्न स्पष्ट है कि हमारा कितनी गुप्त चीजें बिग टैक कंपनी के पास है?

यह भी पढ़ेंःफिर बिगड़ी सपा सांसद आजम खान की तबियत

क्या है साइबर सुरक्षा इंजीनियर्स की राय

अमेरिकी खुफिया एजेंसी के पूर्व साइबर सुरक्षा इंजीनियर और अब एरिजोना स्टेट यूनिवर्सिटी में आईटी के निदेशक टिमोथी समर्स ने द वाशिंगटन पोस्ट को बताया, "यह गंदा सॉफ्टवेयर है. यह लगभग पूरी दुनिया की आबादी पर जासूसी कर सकता है. .. ऐसी प्रौद्योगिकियों के निर्माण में कुछ भी गलत नहीं है जो आपको डेटा एकत्र करने की अनुमति देती हैं. यह कभी-कभी आवश्यक होता है. लेकिन मानवता ऐसी जगह पर नहीं है जहां हमारे पास इतनी शक्ति हो जो किसी के लिए भी सुलभ हो."

First Published : 20 Jul 2021, 03:52:34 PM

For all the Latest States News, Maharashtra News, Download News Nation Android and iOS Mobile Apps.

वीडियो