News Nation Logo
Banner

एमपी में अब नशा माफिया की खैर नहीं! इंदौर में 6 बार और पब को 31 दिसंबर तक किया गया सील

मध्य प्रदेश में ड्रग्स और नशा माफिया के खिलाफ अभियान चलाया जा रहा है. इंदौर में रविवार को छह बार और पब को 31 दिसंबर तक सील कर दिया गया है.

News Nation Bureau | Edited By : Vineeta Mandal | Updated on: 21 Dec 2020, 10:28:01 AM
bar

इंदौर में 6 बार और पब को सील किया गया (Photo Credit: (सांकेतिक चित्र- गूगल))

इंदौर:

मध्य प्रदेश में ड्रग्स और नशा माफिया के खिलाफ अभियान चलाया जा रहा है. इंदौर में रविवार को छह बार और पब को 31 दिसंबर तक सील कर दिया गया है. इस बार में जानकारी देते हुए उप-विभागीय मजिस्ट्रेट अक्षय सिंह ने बताया कि इन स्थानों पर कई तरह की अवैध गतिविधियां हो रही थी. इसके अलावा कोरोना वायरस के नियमों का भी उल्लंघन किया जा रहा था. जानकारी के मुताबिक इन बार सभी बार में 21 साल के कम उम्र के बच्चे नशे में डूबे पाए गए.

इस मामले पर कलेक्टर मनीष सिंह ने बताया कि युवा पीढ़ियों को नशे की लत लगाने की इजाजत इंदौर में नहीं दी जाएगी. यह हमारी पीढ़ी को बर्बाद करने की हरकत है, जिसे कभी माफ नहीं किया जाएगा.

प्रशासन ने चेतावनी दी है कि ऐसे सभी स्थानों में युवाओं को नशे की लत लगाने की किसी भी कोशिश पर सख्त कार्यवाही की जाएगी. कलेक्टर सिंह ने यह चेतावनी भी दी है कि पब और बार में युवा वर्ग की गैर क़ानूनी मौजूदगी पर भी विधि सम्मत कार्यवाही की जाएगी.

ये भी पढ़ें: एमपी में जनजातीय बहुल इलाकों में खुलेंगे कॉलेज : शिवराज सिंह चौहान

गौरतलब है कि इंदौर में कुछ दिन पहले ही एक बड़े ड्रग कारोबार का खुलासा हुआ था.  सरकार ने एक तरफ जहां इस कारोबार को नेस्तनाबूद करने का संकल्प लिया है, वहीं नशा मुक्ति केंद्र के साथ चलित नशा मुक्ति केंद्र भी शुरू किया गया है. मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कड़े शब्दों में कहा कि मध्यप्रदेश में ड्रग्स और नशे का कारोबार पनपने नहीं दिया जाएगा. इस काले धंधे को नेस्तनाबूद किया जाएगा.

देश में नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो भारत सरकार द्वारा आगामी 15 दिसंबर से 22 दिसंबर तक नशा विरोधी विशेष अभियान चलाया जाना है, इसको लेकर मुख्यमंत्री चौहान ने निर्देश दिए कि इस संबंध में प्रदेश में सघन अभियान चला कर नशीली वस्तुओं का कारोबार करने वालों को नेस्तनाबूद कर दिया जाए.

भारत सरकार के नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो द्वारा प्रदेश के 15 जिलों की सूची भिजवाई है, जहां नशीली वस्तुओं का कारोबार अधिक पाया गया है. इनमें इंदौर, उज्जैन, मंदसौर, नीमच, भोपाल, जबलपुर, छिंदवाड़ा, नरसिंहपुर, होशंगाबाद, रतलाम, ग्वालियर, सतना, सागर, दतिया तथा रीवा शामिल है. इसके अलावा विदिशा, पिपरिया, आगर-मालवा क्षेत्र भी संवेदनशील है. इन सभी क्षेत्रों में अधिक मामले सामने आए हैं.

राज्य के कुछ स्थानों पर जिम, पब, क्लब, कॉलेजों की कैंटीन, स्कूलों के आसपास ड्रग्स एवं नशीले पदार्थो की सप्लाई की कोशिश के मामले सामने आए हैं. मुख्यमंत्री चौहान ने कहा कि, "केमिकल अत्यंत खतरनाक होते हैं. इंदौर में जहां केमिकल ड्रग सप्लाई का बड़ा मामला सामने आया है, वहीं भोपाल, विदिशा, भिंड, उज्जैन, रतलाम में स्मैक सप्लाई के मामले सामने आए हैं. जनता को नशे के दुष्प्रभावों के संबंध में जागरूक किया जाना चाहिए."

First Published : 21 Dec 2020, 10:06:21 AM

For all the Latest States News, Madhya Pradesh News, Download News Nation Android and iOS Mobile Apps.