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एनआरएआई ने अंजुम मोदगिल को खेल रत्न, जसपाल को द्रोणाचार्य पुरस्कार के लिए किया गया नामित

राजीव गांधी खेल रत्न पुरस्कार में खिलाड़ी को पदक, प्रमाण पत्र और सात लाख 50 हजार रुपये की इनामी राशि मिलती है. पिछले साल जसपाल को पुरस्कार के लिए नहीं चुने जाने पर विवाद हो गया था.

Bhasha | Edited By : Sunil Chaurasia | Updated on: 14 May 2020, 04:47:20 PM
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अंजुम मोदगिल और जसपाल राणा (Photo Credit: न्यूज नेशन)

नई दिल्ली:  

भारतीय राष्ट्रीय राइफल संघ (एनआरएआई) ने दिग्गज राइफल निशानेबाज अंजुम मोदगिल को देश के सर्वोच्च खेल सम्मान राजीव गांधी खेल रत्न जबकि कोच जसपाल राणा तो लगातार दूसरे साल द्रोणाचार्य पुरस्कारों के लिए नामित किया है. महासंघ के सूत्रों के अनुसार एनआरएआई ने प्रतिष्ठित अर्जुन पुरस्कारों के लिए चैंपियन पिस्टल निशानेबाजों सौरभ चौधरी, अभिषेक वर्मा, मनु भाकर और राइफल निशानेबाज इलावेनिल वलारिवान का नाम भेजा है. मनु और वलारिवान के नाम गुरुवार को सूची में जोड़े गए. एनआरएआई के अध्यक्ष रानिंदर सिंह ने बयान में कहा, ‘‘हमारे निशानेबाजों के लिए पिछला सत्र शानदार रहा और इस बार चयन करना काफी मुश्किल था.’’

उन्होंने कहा, ‘‘जिन्हें भी चुना गया है मैं उन्हें शुभकामनाएं देता हूं और उम्मीद करता हूं कि जो इस साल इस सूची में जगह नहीं बना पाए वे अपने प्रदर्शन से अगले साल हमें उन्हें इस सूची में जगह देने के लिए बाध्य करेंगे.’’ रानिंदर ने कहा, ‘‘मुझे लगता है कि सभी बराबर प्रतिभावान हैं और अपना इस तरह का प्रदर्शन जारी रखते हैं तो भविष्य में निश्चित तौर पर कई पुरस्कार हासिल करेंगे.’’ महासंघ के एक सूत्र ने पीटीआई को बताया, ‘‘अंजुम मोदगिल को खेल रत्न के लिए नामित किया गया है जबकि एनआरएआई ने एक बार फिर द्रोणाचार्य पुरस्कार के लिए जसपाल का नाम भेजा है. उनका हमेशा से मानना है कि वह इसका हकदार है और उम्मीद है कि उसे इस बार यह पुरस्कार मिलेगा.’’

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सूत्र ने कहा, ‘‘सौरभ चौधरी, मनु भाकर, इलावेनिल और अभिषेक वर्मा के नाम की सिफारिश अर्जुन पुरस्कार के लिए की गई है.’’ छब्बीस साल की अंजुम ने 2008 में निशानेबाजी शुरू की और वह तोक्यो ओलंपिक के लिए निशानेबाजी में कोटा हासिल करने वाली पहली दो भारतीय निशानेबाजों में शामिल थी. चंडीगढ़ की इस निशानेबाज ने कोरिया में आईएसएसएफ विश्व कप में 10 मीटर एयर राइफल स्पर्धा में रजत पदक के साथ ओलंपिक कोटा हासिल किया. पिछले साल अंजुम और दिव्यांश सिंह पंवार की जोड़ी ने म्यूनिख और बीजिंग में आईएसएसएफ विश्व कप की 10 मीटर एयर राइफल मिश्रित टीम स्पर्धा में स्वर्ण पदक जीते. वह म्यूनिख और रियो डि जिनेरियो में भी आईएसएसएफ विश्व कप की 10 मीटर एयर राइफल स्पर्धा के फाइनल में पहुंची.

राजीव गांधी खेल रत्न पुरस्कार में खिलाड़ी को पदक, प्रमाण पत्र और सात लाख 50 हजार रुपये की इनामी राशि मिलती है. पिछले साल जसपाल को पुरस्कार के लिए नहीं चुने जाने पर विवाद हो गया था और भारत के एकमात्र व्यक्तिगत ओलंपिक स्वर्ण पदक विजेता अभिनव बिंद्रा ने इस अनुभवी कोच को द्रोणाचार्य पुरस्कार के लिए नहीं चुनने पर चयन पैनल की आलोचना की थी. एशियाई खेलों में कई स्वर्ण पदक जीतने वाले 43 साल के जसपाल को मनु भाकर, सौरभ और अनीष भानवाला जैसे युवा निशानेबाजों को निखारकर विश्व स्तरीय निशानेबाज बनाने का श्रेय जाता है. पिछले साल अनदेखी के बावजूद जसपाल को उम्मीद है कि उनका चयन ‘निष्पक्ष’ होगा और सबसे हकदार उम्मीदवार को पुरस्कार मिलेगा.

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द्रोणाचार्य पुरस्कार अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिताओं में असाधारण नतीजे देने वाले खिलाड़ियों और टीमो को कोचिंग देने वाले खिलाड़ियों को दिया जाता है. इस पुरस्कार में पांच लाख रुपये की इनामी राशि दी जाती है. इंजीनियर से वकील और फिर निशानेबाज बने 30 साल के वर्मा ने निशानेबाजी में भारत के लिए पांचवां ओलंपिक कोटा हासिल किया था. उन्होंने पिछले साल अप्रैल में बीजिंग में आईएसएसएफ विश्व कप में 10 मीटर एयर पिस्टल में स्वर्ण पदक जीतकर यह उपलब्धि हासिल की. इससे दो महीने पहले दिग्गज निशानेबाजों की मौजूदगी में किशोर निशानेबाज चौधरी ने विश्व रिकार्ड के साथ सत्र के पहले विश्व कप में स्वर्ण पदक जीता था और देश को तीसरा ओलंपिक कोटा दिलाया था.

इस साल की शुरुआत में चौधरी ने भोपाल में राष्ट्रीय प्रतियोगिता में 10 मीटर एयर पिस्टल में स्वर्ण पदक जीता था जबकि वर्मा ने कांस्य पदक हासिल किया था. वर्मा के नाम पर अब विश्व कप में दो स्वर्ण, एशियाई खेलों का कांस्य पदक और ओलंपिक कोटा स्थान है. इस साल चौधरी के साथ उनकी प्रतिद्वंद्विता शानदार रही. सोलह साल के चौधरी ने नयी दिल्ली और म्यूनिख विश्व कप में स्वर्ण पदक जीते. युवा ओलंपिक और राष्ट्रमंडल खेलों की चैंपियन 18 साल की मनु ने पिछले तीन साल में शीर्ष अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिताओं में स्वर्ण पदक सहित कई पदक जीते हैं.

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हरियाणा की इस किशोर निशानेबाज ने 2018 में मैक्सिको में आईएसएसएफ विश्व कप में पदार्पण करते हुए व्यक्तिगत और मिश्रित टीम स्पर्धा का स्वर्ण पदक जीता था. मनु ओलंपिक के लिए कड़ी तैयारी कर रही हैं और भारत के पदक के प्रबल दावेदारों में शामिल हैं. वेलारिवान का प्रदर्शन भी प्रेरणादायी रहा है. उन्होंने पिछले साल चीन में प्रतिष्ठित विश्व कप फाइनल में महिला 10 मीटर एयर राइफल का स्वर्ण पदक जीतकर सुर्खियां बटोरी. तमिलनाडु की 20 साल की यह खिलाड़ी पिछले साल रियो डि जिनेरियो विश्व कप में भी स्वर्ण पदक जीतने में सफल रही जबकि दक्षिण कोरिया में चांगवोन में 2018 विश्व चैंपियनशिप में रजत पदक जीता.

First Published : 14 May 2020, 04:47:20 PM

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