logo-image
लोकसभा चुनाव

Akshaya Tritiya 2024: 10 मई को चरम पर होंगे सोने-चांदी के रेट, ये है बड़ी वजह 

Akshaya Tritiya 2024: अक्षय तृतीया, जिसे आखा तीज के नाम से भी जाना जाता है, वैशाख मास के शुक्ल पक्ष की तृतीया तिथि को मनाया जाता है. यह पर्व हिंदू धर्म में अत्यंत महत्वपूर्ण माना जाता है.

Updated on: 03 May 2024, 11:21 AM

नई दिल्ली :

Akshaya Tritiya 2024: अक्षय तृतीया को सौभाग्य और समृद्धि का पर्व माना जाता है.  अक्षय तृतीया 2024 में 10 मई, शुक्रवार को मनाया जाएगा. यह एक महत्वपूर्ण हिंदू और जैन त्योहार है जो वैशाख मास के शुक्ल पक्ष की तीसरी तिथि को मनाया जाता है. इस दिन लोग दान-पुण्य करते हैं, भगवान की पूजा करते हैं और नए कार्य आरंभ करते हैं. अक्षय तृतीया के दिन सोना और चांदी खरीदना शुभ माना जाता है.  कई लोग इस दिन तीर्थ यात्रा पर भी जाते हैं. अक्षय तृतीया की तिथि 10 मई 2024 को शुक्ल पक्ष की तृतीया को सुबह 4 बजकर 17 मिनट से शुरू होगी और 11 मई 2024 को सुबह 2 बजकर 50 मिनट तक रहेगी. इस साल अक्षय तृतीया पर रवि योग बन रहा है, जो इसे और भी शुभ बनाता है. रवि योग में किए गए कार्य में सफलता मिलती है. अक्षय तृतीया को हिंदू और जैन धर्म में अत्यंत शुभ माना जाता है. इस दिन भगवान विष्णु ने पृथ्वी का सृजन किया था. भगवान परशुराम का जन्म भी इसी दिन हुआ था. इस दिन दान-पुण्य करने और भगवान की पूजा करने से अक्षय पुण्य की प्राप्ति होती है. सोना और चांदी खरीदना भी इस दिन शुभ माना जाता है.

अक्षय तृतीया 2024 के मुहूर्त

शुभ मुहूर्त: सुबह 5:45 बजे से दोपहर 12:05 बजे तक

लक्ष्मी-नारायण पूजा का मुहूर्त: सुबह 11:13 बजे से 12:02 बजे तक

अक्षय तृतीया का योग: रवि योग

चंद्रमा का राशि: वृषभ

अक्षय तृतीया के दिन सोना या चांदी खरीदने का धार्मिक और सांस्कृतिक महत्व है.  यह माना जाता है कि इस दिन किए गए शुभ कार्य अक्षय होते हैं, अर्थात उनका फल हमेशा मिलता रहता है. सोना और चांदी को लक्ष्मी का प्रतीक माना जाता है,  इसलिए अक्षय तृतीया के दिन इन धातुओं को खरीदना समृद्धि और सौभाग्य प्राप्ति का प्रतीक माना जाता है.

अक्षय तृतीया के दिन सोना या चांदी खरीदने से जुड़ी मान्यताएं

धन-वृद्धि: ऐसा माना जाता है कि अक्षय तृतीया के दिन सोना या चांदी खरीदने से घर में धन-वृद्धि होती है और माता लक्ष्मी की कृपा बनी रहती है.

समृद्धि: सोना और चांदी को समृद्धि का प्रतीक माना जाता है, इसलिए अक्षय तृतीया के दिन इन धातुओं को खरीदना जीवन में समृद्धि लाने वाला माना जाता है.

शुभ शुरुआत: अक्षय तृतीया को नए कार्य शुरू करने के लिए शुभ माना जाता है. इस दिन सोना या चांदी खरीदकर नए कार्य की शुरुआत करना सफलता प्राप्ति का प्रतीक माना जाता है.

अक्षय फल: अक्षय तृतीया के दिन किए गए दान-पुण्य का फल अक्षय होता है. इस दिन सोना या चांदी खरीदकर दान करना पुण्य का कार्य माना जाता है.

हालांकि, सोना या चांदी खरीदना केवल एक धार्मिक और सांस्कृतिक परंपरा है.  इससे धन-वृद्धि या समृद्धि की कोई गारंटी नहीं है.  सच्चा धन और समृद्धि कड़ी मेहनत और ईमानदारी से ही प्राप्त होती है. अक्षय तृतीया के दिन सोना या चांदी खरीदते समय कुछ बातों का ध्यान रखना चाहिए कि सोना या चांदी खरीदते समय, विश्वसनीय विक्रेता से खरीदना सुनिश्चित करें. हॉलमार्क वाला सोना या चांदी ही खरीदें. खरीदने से पहले, विभिन्न दुकानों में कीमतों की तुलना करें. अपनी बजट से अधिक खर्च न करें. जरूरत के अनुसार ही सोना या चांदी खरीदें. 

अक्षय तृतीया के दिन सोना या चांदी खरीदना एक धार्मिक और सांस्कृतिक परंपरा है.  इससे धन-वृद्धि या समृद्धि की कोई गारंटी नहीं है.  सच्चा धन और समृद्धि कड़ी मेहनत और ईमानदारी से ही प्राप्त होती है. अक्षय तृतीया के दिन कुछ महत्वपूर्ण बातें जो ध्यान में रखनी चाहिए. सूर्योदय से पहले स्नान करें और स्वच्छ वस्त्र पहनें. भगवान की पूजा करें और दान करें. नए कार्य आरंभ करें और सोना और चांदी खरीदें. बुराईयों का त्याग करें और अच्छे कर्म करें. अक्षय तृतीया एक पवित्र और शुभ दिन है.  इस दिन ईश्वर की पूजा करने और अच्छे कर्म करने से जीवन में सुख-समृद्धि प्राप्त होती है. 

Religion की ऐसी और खबरें पढ़ने के लिए आप न्यूज़ नेशन के धर्म-कर्म सेक्शन के साथ ऐसे ही जुड़े रहिए.

(Disclaimer: यहां दी गई जानकारियां धार्मिक आस्था और लोक मान्यताओं पर आधारित हैं. न्यूज नेशन इस बारे में किसी तरह की कोई पुष्टि नहीं करता है. इसे सामान्य जनरुचि को ध्यान में रखकर यहां प्रस्तुत किया गया है.)

ये भी पढ़ें: Maa Mahagauri Ki Aarti: नवरात्रि के आठवें दिन पढ़ लें मां महागौरी की ये आरती, सभी मनोकामना होगी पूरी