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ब्लैक फंगस का इंजेक्शन जहां भी मिले भारत लाया जाए... पीएम मोदी एक्टिव

पीएम मोदी ने अधिकारियों को साफ-साफ शब्‍दों में कह दिया है कि विश्‍व के किसी भी देश में ये दवा मिले, वहां से इसे तुंरत भारत लाया जाए.

News Nation Bureau | Edited By : Nihar Saxena | Updated on: 27 May 2021, 02:20:37 PM
PM Narendra Modi

ब्लैक फंगस की दवा के लिए छेड़ा गया वैश्विक अभियान. (Photo Credit: न्यूज नेशन)

highlights

दुनिया भर में फैले भारतीय दूतावासों से ली जा रही मदद

अमेरिकी कंपनी गलियड साइंसेज ने बढ़ाया मदद का हाथ

ब्‍लैक फंगस संक्रमण के अब तक 11,717 मामले 

नई दिल्ली:

कोरोना वायरस संक्रमण की प्राणघाती दूसरी लहर के बीच बढ़ रहे ब्लैक फंगस की दवा की कमी को दूर करने के लिए केंद्र की मोदी सरकार (Modi Government) ने युद्ध स्तर पर वैश्विक अभियान छेड़ दिया है. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कोरोना वायरस के बाद महामारी का रूप ले चुक ब्‍लैक फंगस की दवा का इंतजाम करने का जिम्‍मा अपने हाथों में ले लिया है.गौरतलब है कि ब्‍लैक फंगस (Black Fungus) के इलाज में लिपोसोमल एंफोटेरेसिरिन बी नाम के इंजेक्शन का इस्‍तेमाल होता है. ऐसे में पीएम मोदी ने अधिकारियों को निर्देश दिया है कि दुनिया के किसी भी कोने से यह भारत लाई जाए. यही नहीं घरेलू स्तर पर केंद्र सरकार ने पांच और कंपनियों को लिपोसोमल एंफोटेरेसिरिन बी बनाने का लाइसेंस दे दिया है.

वरिष्ठ अधिकारियों के संपर्क में पीएम
पीएम मोदी लगातार ब्‍लैक फंगस और लिपोसोमल एंफोटेरेसिरिन बी इंजेक्शन की उपलब्‍धता को लेकर वरिष्‍ठ अधिकारियों से बात कर रहे हैं. सरकारी सूत्रों के मुताबिक, पीएम मोदी ने अधिकारियों को साफ-साफ शब्‍दों में कह दिया है कि विश्‍व के किसी भी देश में ये दवा मिले, वहां से इसे तुंरत भारत लाया जाए. इसमें दुनियाभर में मौजूदा भारतीय दूतावासों की मदद ली जा रही है. भारतीय दूतावास अपने-अपने देशों में लिपोसोमल एंफोटेरेसिरिन बी की खोज कर रहे हैं.

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अमेरिकी कंपनी ने बढ़ाया मदद का हाथ
अब पीएम मोदी के इन प्रयासों का फल भी देखने को मिल रहा है. अमेरिका की गलियड साइंसेज नाम की कंपनी से मदद मिली है. ये कंपनी भारत को रेम‍डेसिविर भी उपलब्‍ध करा रही है. अब ये कंपनी एंफोटेरेसिरिन बी भी भारत को उपलब्‍ध करा रही है. अभी तक इसकी 121,000 वायल या शीशियां भारत भेजी जा चुकी हैं. जल्दी ही 85,000 वायल और पहुंचने वाली है. बताया जा रहा है कि गलियड साइंसेज ने मायलन के जरिए भारत में एंफोटेरेसिरिन बी की 10 लाख खुराक भेजने का लक्ष्य रखा है.

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राज्यों को भेजे जा रहे हैं इंजेक्शन
बता दें कि देशभर में ब्‍लैक फंगस संक्रमण के अब तक 11,717 मामले सामने आ चुके हैं. केंद्रीय रसायन एवं उर्वरक मंत्री सदानंद गौड़ा ने बुधवार को ट्वीट कर बताया कि देश भर में उपचाराधीन मरीजों की संख्या के आधार पर यह आवंटन किया गया है जो 11,717 है. इसके उपचार में इस्‍तेमाल होने वाली 'एंफोटेरिसिन-बी दवा की अतिरिक्त 29,250 शीशियां म्यूकोरमायकोसिस के इलाज के लिए राज्यों/केंद्र शासित प्रदेशों को आज आवंटित की गईं.

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First Published : 27 May 2021, 02:18:21 PM

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