News Nation Logo
Banner

Budget 2022: बजट से फार्मा सेक्टर ने लगाई हैं ढेरों उम्मीदें, आप जानिए क्या हैं वह

Budget 2022: फार्मा इंडस्ट्री ने निजी क्षेत्र की कंपनियों के लिए कारोबार में सुगमता की स्थिति बेहतर करने के लिए विभिन्न प्रक्रियाओं के सरलीकरण की भी मांग की है.

Business Desk | Edited By : Dhirendra Kumar | Updated on: 26 Jan 2022, 03:20:27 PM
Budget 2022: Medicine

Budget 2022: Medicine (Photo Credit: NewsNation)

highlights

  • स्वास्थ्य क्षेत्र के लिए आवंटन GDP के 2.5 से 3 फीसदी किया जाना चाहिए
  • सरकार को दवाओं पर लगने वाले सीमा शुल्क में छूट को जारी रखना चाहिए

नई दिल्ली:  

Budget 2022: केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण (Finance Minister Nirmala Sitharaman) 1 फरवरी 2022 को अपना चौथा बजट पेश करेंगी. आगामी बजट में केंद्र की नरेंद्र मोदी सरकार हेल्थ सेक्टर (Health Sector) के लिए कुछ बड़े ऐलान कर सकती है. ऐसे में आगामी बजट से घरेलू फार्मास्युटिकल्स इंडस्ट्री (Pharma Sector) को क्या उम्मीदे हैं, आइए जानने की कोशिश करते हैं. फार्मा इंडस्ट्री ने उम्मीद लगाई है कि आगामी बजट में वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण स्वास्थ्य सेवा क्षेत्र के लिए आवंटन बढ़ाने, रिसर्च एंड डेवलपमेंट गतिविधियों को प्रोत्साहन और विभिन्न दवाओं पर टैक्स छूट को जारी रखने जैसे ऐलान कर सकती है. 

यह भी पढ़ें: Budget 2022: बजट में किसान क्रेडिट कार्ड की लिमिट बढ़ाने का हो सकता है ऐलान

GDP के तीन फीसदी तक हेल्थ सेक्टर के लिए होना चाहिए आवंटन
फार्मा इंडस्ट्री ने निजी क्षेत्र की कंपनियों के लिए कारोबार में सुगमता की स्थिति बेहतर करने के लिए विभिन्न प्रक्रियाओं के सरलीकरण की भी मांग की है. मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक भारतीय फार्मास्युटिकल्स उत्पादकों के संगठन (Organisation of Pharmaceutical Producers of India-OPPI) के अध्यक्ष एस श्रीधर का कहना है कि बजट में स्वास्थ्य क्षेत्र के लिए आवंटन सकल घरेलू उत्पाद (GDP) के मौजूदा 1.8 फीसदी से बढ़ाकर 2.5 से 3 फीसदी किया जाना चाहिए. उन्होंने कहा कि इसके साथ ही जैव-फार्मास्युटिकल क्षेत्र में शोध एवं विकास के लिए अलग से आवंटन किए जाने की जरूरत है.

यह भी पढ़ें: Budget 2022: जानिए किस वित्त मंत्री के नाम है सबसे अधिक बार बजट पेश करने का रिकॉर्ड

एस श्रीधर ने कहा कि सरकार की ओर से दवाओं पर लगने वाले सीमा शुल्क में छूट को जारी रखना चाहिए और अगर सरकार की ओर से यह नहीं किया जाता है तो मौजूदा स्थितियों में दवाओं को उचित मूल्य पर उपलब्ध कराना संभव नहीं हो पाएगा. साथ ही एकदम अलग तरह के रोगों (Rare Diseases) के लिए इनोवेटिव दवाओं पर आयात शुल्क में छ्रट पर विचार किया जाना चाहिए.

First Published : 26 Jan 2022, 03:18:02 PM

For all the Latest Business News, Budget News, Download News Nation Android and iOS Mobile Apps.