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World Cup में एमएस धोनी के ग्लव्ज विवाद पर जानें क्या कहते हैं सेना के बड़े अधिकारी

मैथसन ने कहा है कि विश्व कप (World Cup) के दौरान अपने दस्ताने पर सेना का बलिदान चिन्ह पहनना भारतीय क्रिकेट टीम के पूर्व कप्तान महेंद्र सिंह धोनी (Mahendra Singh Dhoni) का निजी फैसला है.

IANS
| Edited By :
08 Jun 2019, 05:36:12 PM (IST)

नई दिल्ली:

अंतर्राष्ट्रीय क्रिकेट परिषद (आईसीसी (ICC) ) ने महेंद्र सिंह धोनी (Mahendra Singh Dhoni) के विकेटकीपिंग दस्तानों पर सेना के चिन्ह के बने रहने की भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (बीसीसीआई (BCCI)) की अपील को सिरे से खारिज कर दिया है. आईसीसी (ICC) ने शुक्रवार देर रात एक बयान जारी कर इस बात की जानकारी दी. वहीं अब इस मामले पर सेना के दक्षिण पश्चिमी कमांड के जनरल ऑफिसर कमांडिंग इन चीफ (जीओसी-इन-सी) लेफ्टिनेंट जनरल चेरिश मैथसन ने अपनी राय दी है. मैथसन ने कहा है कि विश्व कप (World Cup) के दौरान अपने दस्ताने पर सेना का बलिदान चिन्ह पहनना भारतीय क्रिकेट टीम के पूर्व कप्तान महेंद्र सिंह धोनी (Mahendra Singh Dhoni) का निजी फैसला है.

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मैथसन ने शनिवार को यहां इंडियन मिलिट्री अकादमी में आयोजित पासिंग डे परेड में संवाददाताओं से कहा, 'धोनी का यह निजी फैसला है. यह धोनी और आईसीसी (ICC) के बीच का मामला है.'

मैथसन ने कहा कि इस मामले में सेना को नहीं घसीटा जाना चाहिए. बकौल मैथसन, 'आप जो भी कह रहे हैं, वह धोनी का निजी फैसला है. आईसीसी (ICC) इस मामले पर फैसला लेगा.'

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दक्षिण अफ्रीका के साथ हुए विश्व कप (World Cup) के पहले मुकाबले के दौरान धोनी को बलिदान बैज के साथ कीपिंग करते देखा गया था. बलिदान चिन्ह स्पेशल फोर्सेस का चिन्ह है, जो पैराशूट रेजीमेंट का हिस्सा है. सिर्फ पैरामिलिट्री कमांडो ही इस चिन्ह को धारण कर सकते हैं.