News Nation Logo
Banner

डाकोला विवादः नेहरू की तरह चीन को नजरअंदाज करने की भूल न करें नरेंद्र मोदी, नहीं तो होगी सैन्य कार्रवाई

दरअसल, ग्लोबल टाइम्स ने यह प्रतिक्रिया भारत के अंग्रेजी के समाचार पत्र टाईम्स आॅफ इंडिया में छपे संपादकीय के बाद जारी किया है।

News Nation Bureau | Edited By : Sunita Mishra | Updated on: 08 Aug 2017, 07:39:23 PM
पीएम मोदी और शी जिनपिंग (फाइल फोटो)

पीएम मोदी और शी जिनपिंग (फाइल फोटो)

highlights

  • 55 साल बीतने के बाद भी भारत सरकार हमेशा की तरह अब भी भ्रम में: चीन
  • मोदी सरकार दी जा रही चेतावनी के प्रति सजग नहीं है, तो चीन को कार्रवाई करने से रोकना असंभव होगा

नई दिल्ली:

भारत और चीन के बीच डाकोला में चल रहा सीमा विवाद थमने का नाम नहीं ले रहा है। चीन ने एक बार फिर से भारत को सैन्य कार्रवाई की चेतावनी दी है।

चीन के सरकारी समाचार पत्र 'ग्लोबल टाइम्स' ने अपने संपादकीय में लिखा है कि अगर भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 'चीन की धमकियों' को नजरअंदाज करते रहे तो चीन की ओर से सैन्य कार्रवाई की संभावना को टाला नहीं जा सकता।

दरअसल, ग्लोबल टाइम्स ने यह प्रतिक्रिया अंग्रेजी समाचार पत्र टाईम्स आॅफ इंडिया में छपे संपादकीय के बाद दी है, जिसमें कहा गया है कि भारतीय अधिकारियों को विश्वास है कि चीन, भारत के साथ युद्ध का जोखिम नहीं लेगा। 

संपादकीय में आगे लिखा गया है, '55 साल बीत चुके हैं, लेकिन भारत सरकार हमेशा की तरह अब भी भ्रम में है। 1962 के युद्ध से मिला सबक वे आधी सदी तक भी याद नहीं रख पाए। अगर नरेंद्र मोदी की सरकार दी जा रही चेतावनी के प्रति सजग नहीं है, तो चीन को कार्रवाई करने से रोकना संभव नहीं होगा।'

और पढ़ें: डाकोला विवादः चीन ने कहा भारत के खिलाफ 'छोटे युद्ध' को समर्थन नहीं

ग्लोबल टाइम्स ने इसके साथ ही कहा, 'भारत ने 1962 में भी सीमा पर लगातार हमें भड़काने का काम किया था। उस समय जवाहरलाल नेहरू सरकार को पूरा भरोसा था कि चीन दोबारा हमला नहीं करेगा। इसलिए मोदी भी नेहरू की तरह ही हमें कमतर आंकने की भूल ना करें।'

और पढ़ें: सीमा विवाद: भारत को घेरने के लिए नेपाल की असुरक्षा को हवा दे रहा चालबाज चीन

First Published : 08 Aug 2017, 06:40:09 PM

For all the Latest World News, Download News Nation Android and iOS Mobile Apps.

वीडियो