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चीन ने ताइवान के पास सैन्य अभ्यास को आगे बढ़ाया, टकराव की बढ़ी संभावना

News Nation Bureau | Edited By : Vijay Shankar | Updated on: 08 Aug 2022, 05:29:16 PM
China Drill

China Drill (Photo Credit: Twitter)

बीजिंग:  

चीन (China) अपनी दादागिरी से बाज नहीं आ रहा है. सैन्य अभ्यास के बहाने चीन लगातार ताइवान (Taiwan) को डरा रहा है. इस बीच चीन (China) ने सोमवार को कहा कि वह ताइवान (Taiwan) के आसपास सैन्य अभ्यासों को आगे भी जारी रखेगा. इस बीच चीन ने वैश्विक व्यापार के लिए महत्वपूर्ण क्षेत्र में संघर्ष की संभावना के बारे में चिंता जताई है. चीनी सेना (China Army) ने कहा है कि ताइवान जलडमरूमध्य की मध्य रेखा को पार करते हुए मिसाइल हमलों, युद्धक विमानों और जहाजों की आवाजाही से संबंधित अभ्यास अमेरिकी हाउस स्पीकर नैंसी पेलोसी की पिछले सप्ताह स्व-शासित द्वीप की यात्रा की प्रतिक्रिया है. वहीं चीन ने तनाव को शांत करने के आह्वान को नजरअंदाज़ किया है और इस बात का कोई तत्काल संकेत नहीं  है कि वह कब तक इस सैन्य अभ्यास को जारी रखेगा.

ताइवान ने एक बयान में कहा, "विदेश मंत्रालय सैन्य अभ्यास बढ़ाने के चीन के फैसले की कड़ी निंदा करता है. चीन के उकसावे और आक्रामकता ने ताइवान जलडमरूमध्य की यथास्थिति को नुकसान पहुंचाया है और क्षेत्र में तनाव बढ़ा दिया है." इस बीच ताइवान के रक्षा मंत्रालय ने रविवार को कहा कि उसने नौसेना और हवाई अभ्यास करने वाले कुल 66 विमानों और 14 युद्धपोतों का पता लगाया है. द्वीप ने अपनी सेना को अलर्ट पर रखकर और चीनी विमानों, जहाजों और ड्रोन की निगरानी के लिए जहाजों, विमानों और अन्य सैन्य उपकरणों को तैनात करके अपना जवाब दिया है. इस बीच, ताइवान की आधिकारिक केंद्रीय समाचार एजेंसी ने बताया कि ताइवान की सेना चीनी अभ्यास के जवाब में मंगलवार और गुरुवार को दक्षिणी पिंगटुंग काउंटी में लाइव-फायर आर्टिलरी अभ्यास करेगी. एक स्रोत का हवाला देते हुए रिपोर्ट में कहा गया है कि अभ्यास में स्निपर्स, लड़ाकू वाहन, बख्तरबंद वाहन और साथ ही हमले के हेलीकॉप्टर शामिल होंगे. 

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ताइवान पर अपना दावा करता है चीन

चीन ताइवान पर अपना दावा करता है और जरूरत पड़ने पर उसे जबरन अपने कब्जे में लेने की धमकी देता है. वर्ष 1949 में गृहयुद्ध के बाद दोनों पक्ष अलग हो गए, लेकिन बीजिंग विदेशी अधिकारियों द्वारा ताइवान की यात्रा को अपनी संप्रभुता को मान्यता देने के रूप में मानता है. ताइवान के राष्ट्रपति त्साई इंग-वेन ने अंतरराष्ट्रीय समुदाय से "लोकतांत्रिक ताइवान का समर्थन करने" और "क्षेत्रीय सुरक्षा स्थिति की किसी भी वृद्धि को रोकने" का आह्वान किया है. सात औद्योगिक देशों के समूह ने भी चीन के कार्यों की आलोचना की है, जिससे बीजिंग को विदेश मंत्री वांग यी और उनके जापानी समकक्ष योशिमासा हयाशी के बीच एक बैठक रद्द करने के लिए प्रेरित किया गया है. 

नैंसी पेलोसी की यात्रा के बाद चीन-अमेरिका में तनातनी

वहीं नैंसी पेलोसी की ताइवान यात्रा के बाद चीन ने अमेरिका के साथ रक्षा और जलवायु बातचीत बंद कर दी है. बिडेन प्रशासन और पेलोसी का कहना है कि अमेरिका एक-चीन नीति के लिए प्रतिबद्ध है जो ताइपे के साथ मजबूत अनौपचारिक संबंधों और रक्षा संबंधों की अनुमति देते हुए बीजिंग को औपचारिक राजनयिक मान्यता प्रदान करता है. हालांकि, अमेरिका ने ताइवान जलडमरूमध्य में बीजिंग के कार्यों की आलोचना की है. व्हाइट हाउस के प्रेस सचिव काराइन जीन-पियरे ने उन्हें मौलिक रूप से गैर-जिम्मेदार" बताया है. 

First Published : 08 Aug 2022, 05:29:16 PM

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