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राष्‍ट्रपति से भी ज्‍यादा लोकप्रिय थे कासिम सुलेमानी, खाड़ी क्षेत्र के सबसे ताकतवर कमांडर

अमेरिका ने ईरान के प्रमुख जनरल कासिम सुलेमानी (Qasim Sulemani) को एयर स्‍ट्राइक (US Air Strike) में मार गिराया है. हमले में कताइब हिजबुल्लाह के कमांडर अबू महदी अल-मुहांदिस भी मारे गए हैं.

News Nation Bureau | Edited By : Pankaj Mishra | Updated on: 04 Jan 2020, 09:06:36 AM
कासिम सुलेमानी Qasim Sulemani

कासिम सुलेमानी Qasim Sulemani (Photo Credit: twitter)

नई दिल्‍ली:  

अमेरिका ने ईरान के प्रमुख जनरल कासिम सुलेमानी (Qasim Sulemani) को एयर स्‍ट्राइक (US Air Strike) में मार गिराया है. हमले में कताइब हिजबुल्लाह के कमांडर अबू महदी अल-मुहांदिस भी मारे गए हैं. अमेरिका ने कासिम सुलेमानी को पहले से ही आतंकी घोषित कर रखा था. हमले के बाद अमेरिका ने यह कहा, सुलेमानी कई महीनों से इराक स्थित अमरीकी सैन्य ठिकानों पर हमलों को अंजाम देने में शामिल रहे हैं. अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्‍ड ट्रंप (Donald Trump)ने सुलेमानी के मारे जाने के ठीक बाद अमेरिका का झंडा ट्वीट किया. हालांकि अमेरिकी एयर स्ट्राइक (American Air Strike) के बाद से मिडिल इस्ट (Middle East) में वॉर (War) की आशंका बढ़ गई है. एयरस्ट्राइक को इरान ने वॉर को प्रोवेक करने वाला बताया. अमेरिकी राष्‍ट्रपति डोनाल्‍ड (American President Donald Trump) ने बगदाद पर एयर स्ट्राइक की बात को स्वीकार किया है. ईरान की ओर से भी इस बात को कंफर्म किया गया है कि अमेरिका ने बगदाद पर हमला किया है और इस हमले में उनके टॉप कमांडर की मौत हुई है. लेकिन आज आपको यह भी जानना चाहिए कि जनरल कासिम सुलेमानी आखिर थे कौन और उनकी पहचान किस तरह की बनी हुई थी. 

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मेजर जनरल कासिम सुलेमानी खाड़ी क्षेत्र के सबसे ताकतवर सैन्य कमांडर थे. अमेरिका-इजरायल विरोधी संगठन एक्सिस ऑफ रेजिस्टेंस बनाने का श्रेय कासिल सुलेमानी को ही जाता है. पश्चिमी देशों की मानें तो कासिम सुलेमानी हमास और शिया मिलिशिया से ईरान के संबंधों का मुख्य सूत्रधार थे. साल 1990 के दशक में कासिम सुलेमानी को करमन प्रांत में रेवोल्यूशनरी गार्ड्स का कमांडर नियुक्त किया गया था, अफगान सीमा से ड्रग्स तस्करी रोकने में योगदान दिया. साल 1998 में उन्‍हें कुद्स फोर्स की कमान सौंपी गई थी. 2007 में जनरल याह्या रहीम सफावी के इस्तीफे के बाद रेवोल्यूशनरी गार्ड्स के मुखिया की दौड़ में भी वे शामिल थे. कासिम सुलेमानी की ताकत का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि वे ईरान के आयतुल्लाह खामेनेई के प्रति सीधे जवाबदेह थे.

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कासिम सुलेमानी ईरानी रेवोल्यूशनरी गार्ड्स की कुद्स फोर्स का सबसे लंबे समय तक कमांडर रहे हैं. 2019 में ईरान के सर्वोच्च सैन्य सम्मान ‘ऑर्डर ऑफ जुल्फीकार मेडल’ मिला था. 2018 में ईरानपोल और मैरीलैंड यूनिवर्सिटी की रायशुमारी में उनकी लोकप्रियता आसमान की बुलंदियों पर थी. उस साल उन्‍होंने राष्ट्रपति हसन रुहानी और विदेश मंत्री मोहम्मद जावेद जरीफ से भी ज्‍यादा लोकप्रियता हासिल कर ली थी.

(एजेंसी इनपुट)

First Published : 04 Jan 2020, 08:53:52 AM

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