logo-image
लोकसभा चुनाव

नेतन्याहू जिद पर अड़े, राफा में शरणार्थी शिविर पर हमले की फ्रांस-तुर्की ने की निंदा, मिडल ईस्ट में तनाव  

हमास और इजराइल का युद्ध इस स्थिति में पहुंचेगा शायद ये किसी को अनुमान नहीं था. सोमवार को जब इजिप्ट और इजराइल के सैनिकों में गोलीबारी की खबरें सामने आई हैं

Updated on: 28 May 2024, 06:39 AM

नई दिल्ली:

राफा में शरणार्थी शिविर पर हमले के बाद मिडिल ईस्ट में तनाव देखने को मिल रहा है. गाजा में इजराइल के विध्वंसक हमलों पर फ्रांस और तुर्की ने नाराजगी व्यक्त की है. अमेरिका लगातार इजराइल से संयम बरतने की अपील कर रहा है. मगर इजराइल के राष्ट्रपति बेंजामिन नेतन्याहू हमास के सफाए को लेकर किसी भी हद तक जाने को तैयार हैं. इससे मिडिल ईस्ट में युद्ध के हालात बन चुके हैं. सोमवार को इजिप्ट के सैनिकों ने भी इजराइल के सैनिकों को निशाना बनाया. इससे यह संकेत जाता है कि अब परिस्थितियां अनुकूल नहीं है. ये बिगड़ती जा रही है. 

हमास और इजराइल का युद्ध इस स्थिति में पहुंचेगा शायद ये किसी को अनुमान नहीं था. सोमवार को इजिप्ट और इजराइल के सैनिकों में गोलीबारी की खबरें सामने आई. यह हैरान करने वाली बात है. इसकी वजह है कि गोलीबारी से कुछ देर पहले ही फ्रांस और तुर्की के राष्ट्रपति ने गाजा पर इजराइल की ओर से हो रहे हमलों की निंदा की थी. 

ये भी पढ़ें: Monsoon Update: भीषण गर्मी के बीच खुश खबरी, मौसम विभाग ने बताया कब आ रहा मॉनसून?

नेतन्याहू की हो रही निंदा

नेतन्याहू की मुश्किले बढ़ रही हैं. रविवार को एक इजराइली हमले में गाजा का एक शरणार्थी शिविर ध्वस्त हो गया.  फिल​स्तीन का दावा है कि इस हमले में कम से कम 35 लोगों की मौत हो गई. वहीं दर्जनों लोग घायल हो गए.  स्वास्थ्य मंत्रालय का दावा है ​कि मरने वालों में अधिकतर महिलाएं और बच्चे हैं. इस हमले के बाद इजराइल की हर ओर निंदा हो रही है. इसे लेकर फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों ने कहा कि वह इजरायली हमलों की निंदा करते हैं. इससे राफा में विस्थापित फिलिस्तीनियों के शिविर में बड़े पैमाने पर तबाही हुई है. उन्होंने तत्काल युद्ध विराम की मांग की है. 

इस दौरान यूरोपीय संघ के विदेश नीति प्रमुख जोसेप बोरेल ने इस हमले की कड़ी निंदा की है. उन्होंने सोशल मीडिया पर लिखा की इजराइल के हमलों में दर्जनों विस्थापित लोगों की मौत की खबर से वे स्तब्ध हैं. तुर्की के राष्ट्रपति रेसेप तैयप एर्दोगन ने राफा पर हुए हमले को लेकर इजराइल की आलोचना की है. उसने नरसंहार करने का आरोप लगाया.

आयरलैंड नार्वे और स्पेन फिलिस्तीन के पक्ष में

नेतन्याहू की मुश्किलें यही नहीं है. आयरलैंड, नार्वे और स्पेन का ऐलान है कि वे 28 मई से औपचारिक तौर पर  फिलिस्तीन को मान्यता देगा. इस निर्णय के बाद इजराइल का भड़क उठा है. डबलिन में इजराइल के राजदूत ने चेताया है कि फिलिस्तीनी राज्य को मान्यता देने से आयरलैंड और इजराइल के द्विपक्षीय रिश्तों पर गहरा असर पड़ेगा.