/newsnation/media/media_files/2026/01/09/does-trump-wants-regime-change-in-iran-13th-day-protest-2026-01-09-12-30-36.jpg)
Iran Protest (AI)
Iran Protest: ईरान में महंगाई के खिलाफ 13वें दिन भी प्रदर्शन जारी है. इस बीच, गुरुवार रात को हालात और खराब हो गए. प्रदर्शन देश के 110 से अधिक शहरों में फैल गया है. एक रात पहले पूरे ईरान में खामेनेई की मौत और इस्लामिक रिपब्लिक के अंत जैसे नारे गूंजते रहे. प्रदर्शनकारियों ने सड़कों को ब्लॉक कर दिया और कई जगह आगजनी भी की. प्रदर्शनकारियों ने क्राउन प्रिंस रजा पहलवी का समर्थन किया. उन्होंने कहा कि ‘ये आखिरी लड़ाई है, शाह पहलवी लौटेंगे’ जैसे नारे लगाए.
अलग-अलग मीडिया रिपोर्ट्स और सोशल मीडिया पर कहा जा रहा है कि ये सब अमेरिका के इशारे पर हो रहा है. ट्रंप ईरान में सत्ता परिवर्तन करना चाहते हैं. आखिर इस दावे पर कितनी सच्चाई है, आइये जानते हैं…
डोनाल्ड ट्रंप का ईरान में सत्ता परिवर्तन के लिए मिश्रित रुख रहा है. एक बार उन्होंने सत्ता परिवर्तन का संकेत दिया था हालांकि, बाद में उन्होंने इससे कन्नी काट ली थी. जून 2025 में ट्रंप ने सोशल मीडिया पर सवाल किया था कि अगर ईरानी शासन देश कोे फिर से महान नहीं बना सकता है तो सत्ता परिवर्तन क्यों नहीं होना चाहिए. हालांकि, इसके कुछ दिनों बाद उन्होंने मीडिया से बात की और कहा कि वे ईरान में सत्ता परिवर्तन नहीं चाहते हैं. इससे अराजकता पैदा हो सकती है.
प्रदर्शनकारियों को नुकसान पहुंचाया तो नर्क पहुंचा दूंगा- ट्रंप
हालांकि, ट्रंप ने कई बार ईरान को धमकी दी है. हाल में उन्होंने कहा कि अगर शांतिपूर्ण प्रदर्शन करने वाले लोगों की ईरानी सरकार हत्या करती है तो अमेरिका बहुत कड़ा प्रहार करेगा. अमेरिका प्रदर्शनकारियों के बचाव में आएगा. ट्रंप ने एक बार मीडिया से कहा था कि मैंने उनको बता दिया है कि अगर वे लोगों को मारेंगे, तो हम उन्हें बहुत जोरदार तरीके से निशाना बनाएंगे. ट्रंप का कहना है कि अगर ईरान ने प्रदर्शनकारियों के साथ जबरदस्ती की तो वे ईरानी शासन को नर्क का रास्ता दिखा देंगे. हालांकि, एक्सपर्ट्स का कहना है कि ट्रंप ईरान सत्ता परिवर्तन के पक्षधर नहीं हैं वे सिर्फ ईरान पर दबाव बनाना चाहते हैं, जिससे ईरान अपने परमाणु कार्यक्रमों सहित अन्य मामलों में अपनी नीति बदल ले.
अलर्ट मोड पर ईरानी शासन, नॉटेम जारी किए
12 दिनों से जारी प्रदर्शन को देखते हुए ईरान सरकार भी अलर्ट मोड पर है. ईरानी सरकार ने पूरे ईरान में हाईअलर्ट कर दिया है. उन्होंने एक नॉटेम जारी करके एयरस्पेस पर प्रतिबंधों को बढ़ा दिया है. ईरानी सरकार ने खासतौर पर सीमावर्ती इलाकों के एयरस्पेस को बंद करने के लिए कई नॉटेम जारी किए हैं. नॉटेम अमूमन आतंरिक अशांति, सैन्य गतिविधियों और बाहरी हमलों की आशंका में जारी किए जाते हैं. तेहरान एयरपोर्ट को भी बंद कर दिया गया है और सेना को अलर्ट पर रखा गया है.
इंटरनेट और फोन सेवाएं गंभीर रूप से प्रभावित
ईरानी सरकार ने एक दिन पहले देश के विभिन्न इलाकों का इंटरनेट पूरी तरह से बंद कर दिया है. इसके साथ, लैंडलाइन और मोबाइल टेलीफोन सेवाओं को भी गंभीर रूप से प्रभावित किया गया है. इंटरनेट के साथ-साथ सरकार ने लैंडलाइन और मोबाइल टेलीफोन सेवाओं को भी गंभीर रूप से प्रभावित किया है. इस वजह से देश का बाहरी दुनिया से संपर्क एक तरह से कट गया है. गुरुवार रात को आठ बजे से ईरान में इंटरनेट सेवाओं को बंद कर दिया गया है. क्लाउडफ्लेयर रडार की मानें तो सरकारी हस्तक्षेप के कारण IPv6 ट्रैफिक में 98.5% की भारी गिरावट देखी गई है. लैंडलाइन और मोबाइल फोन की सेवाओं को भी कई जगह पर बंद कर दिया गया है.
अब तक 45 की मौत
अमेरिकी ह्यूमन राइट एजेंसी के अनुसार, प्रदर्शन के दौरान हिंसा में अब तक 45 लोगों की मौत हो गई है. मृतकों में आठ बच्चे भी हैं. पुलिस ने अब तक 2,270 से अधिक लोगों को हिरासत में लिया है. तेहरान में हालात काबू करने की कोशिश कर रहे एक पुलिस अधिकारी की हत्या हो गई है. प्रदर्शनकारियों ने अधिकारी को चाकू मार दिया था.
ईरान का झंडा फाड़ा, सरकारी बिल्डिंग में लगाई आग
प्रदर्शन के बीच सोशल मीडिया पर एक वीडियो सामने आया, जो ईरान के दूसरे बड़े शहर मशहद की है. वायरल वीडियो में दिख रहा है कि कुतच प्रदर्शनकारियों ने देश का एक बड़ा सा झंडा पहले नीचे उतारा और फिर उसे फाड़ दिया. इसके अलावा, पूर्वी तेहरान में एक सरकारी इमारत में आग लगा दी गई. प्रदर्शनकारी आग लगी इमारत को देखकर खुश हो रहे हैं.
निर्वासित प्रिंस ने लोगों से सड़कों पर उतने की अपील की
तेहरान में लंबे वक्त से बाजार बंद हैं. यूनिवर्सिटीज पर छात्रों ने कब्जा कर लिया है. रजा पहलवी ने गुरुवार को लोगों से सड़कों पर उतरने की अपील की थी. रजा ईरान के आखिरी शाह मोहम्मद रजा पहलवी के बेटे हैं. 1979 की इस्लामिक क्रांति के दौरान, उन्हें सत्ता से हटाया गया था. पहलवी अभी अमेरिका में रह रहे हैं.
/newsnation/media/agency_attachments/logo-webp.webp)
Follow Us