Laalo Krishna Sada Sahaayate Review: इस गुजराती फिल्म को मिलना चाहिए ऑस्कर

Laalo Krishna Sada Sahaayate Review: लालो फिल्म सिर्फ एक मूवी नहीं बल्कि एक इमोशनल जर्नी है. जब जिंदगी में ऐसा लगता है कि अब सब खत्म हो गया गिव अप करने का मन करता है, तब लालो आपको नई उम्मीद दिखाती है.

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Khushi Samarjeet Giri
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Laalo Krishna Sada Sahaayate Review: लालो फिल्म सिर्फ एक मूवी नहीं बल्कि एक इमोशनल जर्नी है. जब जिंदगी में ऐसा लगता है कि अब सब खत्म हो गया गिव अप करने का मन करता है, तब लालो आपको नई उम्मीद दिखाती है.

Gujarati Film Laalo Krishna Sada Sahaayate Review: लालो फिल्म सिर्फ एक मूवी नहीं बल्कि एक इमोशनल जर्नी है. जब जिंदगी में ऐसा लगता है कि अब सब खत्म हो गया गिव अप करने का मन करता है, तब लालो आपको नई उम्मीद दिखाती है. बिना किसी हाइप के आई ये फिल्म सीधे दिल को छू जाती है. वहीं सिर्फ 25 लाख के छोटे से बजट में बनी इस फिल्म ने गुजराती में 100 करोड़ पार कर दिए जो किसी मिरेकल से कम नहीं है. करण जोशी का परफॉर्मेंस कमाल का है. खासकर ये उनकी डेब्यू फिल्म है. लालो ये सवाल उठाती है कि असली मर्दानगी क्या होती है गुस्सा, रौब या फिर जिम्मेदारी और प्यार?. एक सिंपल ऑटो रिक्शा ड्राइवर कि कहानी, भगवान कृष्ण से जुड़ा आत्म-खोज का सफर, फिल्म को बहुत खास बना देता है. सिंपल, सोलफुल और इंस्पायरिंग लालो मूवी को ऑस्कर जरुर मिलना चाहिए. फूल मूवी आप ऊपर दिए वीडियो में देख सकते हैं.

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