Ajit Pawar Death Plane Crash: भारत जो है वह थर्ड लार्जेस्ट डोमेस्टिक एविएशन मार्केट है. यानी पिछले दो दशक में कितना जबरदस्त उछाल आया है. लेकिन फिर भी जो सेफ्टी है वो आज भी पैरामाउंट कंसर्न है और यही कारण है कि इस तरह के विमान हादसों के बाद यह सवाल जरूर खड़े होते हैं. इसी पर चर्चा करने के लिए आज हमने स्टूडियो में बहुत खास मेहमानों को आमंत्रित किया है. एयर कमोडोर डॉक्टर तरेंद्र प्रकाश श्रीवास्तव का अच्छा खासा अनुभव है. खासकर वेदर के साथ डॉक्टर के जे रमेश साहब आप फॉर्मर आईएमडी डायरेक्टर रह चुके हैं. कैप्टन श्याम कुमार कैप्टन श्याम कुमार हेड ऑफ फ्लाइट सेफ्टी रह चुके हैं और एक्सीडेंट इन्वेस्टिगेशन डिपार्टमेंट में भी आप रह चुके हैं.
कैप्टन श्याम कुमार हैं डिफेंड एक्सपर्ट हैं. सुजीत ओझा साहब एविएशन एक्सपर्ट भी हमारे साथ हैं. न्यूज नेशन की खास पेशकश सवाल है बवाल है...में सभी मेहमानों ने चर्चा की. सवाल है अभी जो ये मौजूदा परिस्थिति जो बाराबती में जो विवान हादसे का शिकार हुआ है. विजिबिलिटी जो हमें बताया गया वो 3000 मीटर के आसपास वेंड काम थी और जैसा कि को पायलट के जो आखिरी शब्द थे वो हमने अभी अपनी रिपोर्ट में देखा है आपको क्या लगता है? देखिए इस चर्चा का अहम वीडियो...