अब नहीं काटने पड़ेंगे पोस्ट ऑफिस के चक्कर, घर बैठे SCSS अकाउंट मैनेज करेंगे सीनियर सिटिजन

SCSS, NSC और KVP अब ऑनलाइन उपलब्ध. वरिष्ठ नागरिक घर बैठे पोस्ट ऑफिस इंटरनेट बैंकिंग से खाता खोल, बंद और बढ़ा सकते हैं. आइए जानते हैं कि क्या इसकी पूरी प्रक्रिया.

SCSS, NSC और KVP अब ऑनलाइन उपलब्ध. वरिष्ठ नागरिक घर बैठे पोस्ट ऑफिस इंटरनेट बैंकिंग से खाता खोल, बंद और बढ़ा सकते हैं. आइए जानते हैं कि क्या इसकी पूरी प्रक्रिया.

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Yashodhan Sharma
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investment in senior citizen savings scheme

सांकेतिक तस्वीर Photograph: (File Phto)

अब वरिष्ठ नागरिकों को अपने सीनियर सिटिजन सेविंग्स स्कीम (SCSS) खाते से जुड़े काम के लिए पोस्ट ऑफिस की लंबी लाइन में खड़ा नहीं होना पड़ेगा. डाक विभाग ने अपनी बचत योजनाओं को डिजिटल प्लेटफॉर्म से जोड़ दिया है. अब SCSS के साथ-साथ नेशनल सेविंग्स सर्टिफिकेट (NSC) और किसान विकास पत्र (KVP) में निवेश, मॉनिटरिंग और दोबारा निवेश ऑनलाइन किया जा सकता है.

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ग्राहकों को मिली बड़ी राहत

11 फरवरी को लोकसभा में लिखित जवाब में केंद्रीय संचार एवं ग्रामीण विकास राज्य मंत्री पेम्मासानी चंद्र शेखर ने बताया कि डिपार्टमेंट ऑफ पोस्ट्स ने इंटरनेट बैंकिंग के जरिए NSC, KVP और SCSS जैसी योजनाओं में ऑनलाइन लेनदेन की सुविधा शुरू की है. इससे ग्राहकों को बड़ी राहत मिली है और काम करना आसान हुआ है.

यह कदम देशभर के 1.64 लाख से ज्यादा डाकघरों के डिजिटलीकरण का हिस्सा है, जिससे 45 करोड़ से अधिक पोस्ट ऑफिस सेविंग्स बैंक खाताधारकों को फायदा मिलेगा.

ऐसे करें SCSS ऑनलाइन मैनेज

वरिष्ठ नागरिक डाक विभाग की इंटरनेट बैंकिंग वेबसाइट पर लॉगिन करके SCSS से जुड़ी सेवाएं ले सकते हैं. इसके बाद ‘जनरल सर्विसेज’ टैब में जाकर ‘सर्विस रिक्वेस्ट’ चुनना होगा. फिर ‘न्यू रिक्वेस्ट’ पर क्लिक करें.

खाता बंद या प्री-क्लोजर के लिए:

  • संबंधित SCSS खाता चुनें.
  • राशि किस सेविंग्स अकाउंट में ट्रांसफर करनी है, यह चुनें.
  • पेनल्टी सहित देय राशि स्क्रीन पर दिखेगी.
  • ट्रांजैक्शन पासवर्ड डालकर सबमिट करें.

खाता बढ़ाने (एक्सटेंशन) के लिए

  • एक्सटेंशन विकल्प चुनें.
  • नियम व शर्तों से सहमति दें.
  • नई मैच्योरिटी तारीख, ब्याज दर और तिमाही ब्याज की जानकारी स्क्रीन पर दिखेगी.

क्या हैं फायदे?

अब वरिष्ठ नागरिक घर बैठे ब्याज, बैलेंस और मैच्योरिटी की जानकारी देख सकते हैं. जमा राशि दोबारा निवेश भी ऑनलाइन किया जा सकता है. इससे समय और मेहनत दोनों की बचत होगी. SCSS फिलहाल 8.2% ब्याज दे रही है, जो कई बैंकों की फिक्स्ड डिपॉजिट दरों से ज्यादा है. इसके अलावा इंडिया पोस्ट पेमेंट्स बैंक अपने ग्राहकों को डिजिटल लाइफ सर्टिफिकेट, आधार आधारित भुगतान और अन्य ऑनलाइन सेवाएं भी दे रहा है.

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