/newsnation/media/media_files/2025/02/11/akJG5pSfoebmhXVlUxWm.jpg)
Mamata Banerjee
पश्चिम बंगाल में विधानसभा चुनाव होने वाले हैं. विधानसभा चुनाव से पहले ही बंगाल में सियासी हंगामा शुरू हो गया है. इस बीच सबूतों से छेड़छाड़ के मामले में ईडी ने कलकत्ता हाईकोर्ट का दरवाजा खटखटाया है. इसके अलावा, आई-पैक ने भी सर्च ऑपरेशन की वैधता को चुनौती दी. मामले की सुनवाई शुक्रवार को होगी और जस्टिस सुवरा घोष की बेंच केस की सुनवाई करेगी.
इसके अलावा, प्रतीक जैन के परिवार ने शेक्सपीयर सरानी पुलिस स्टेशन में ईडी अधिकारियों के खिलाफ अहम दस्तावेजों की चोरी का आरोप लगाया और शिकायत दर्ज करवाई.
अब जानें क्या है पूरा मामला
गुरुवार को ईडी ने मनी लॉन्ड्रिंग केस में प्रतीक जैन के घर और ऑफिस में छापेमारी की. सुबह छह बजे से ईडी की कार्रवाई शुरू हुई. मामला बढ़ा सुबह करीब 11:30 बजे के बाद. सबसे पहले कोलकाता पुलिस कमिश्नर, प्रतीक के आवास पर पहुंचे और थोड़ी देर बाद खुद ममता बनर्जी प्रतीक के आवास पर पहुंच गई. ममता कुछ देर वहीं रुकीं और जब बाहर निकलीं तो उनके हाथों में एक हरी रंग की फाइल थी. इसके बाद वे आई-पैक के ऑफिस भी गईं. ईडी ने कहा कि हमने मामले में पश्चिम बंगाल के छह स्थानों पर और दिल्ली के चार ठिकानों पर कार्रवाई की गई है.
सबूतों के आधार पर कार्रवाई हुई- ईडी
ईडी नवे कहा कि सबूतों के आधार पर कार्रवाई की जा रही है. ये राजनीतिक दल या फिर चुनाव से जुड़ा मामला नहीं है. ये कार्रवाई अवैध कोयला तस्करी, हवाला और मनी लॉन्ड्रिंग से जुड़े मामले में हो रही है. मामले में 2020 में सीबीआई ने केस दर्ज किया था. ED ने कहा कि कार्रवाई शांतिपूर्ण और पेशेवर ढंग से हो रही थी. लेकिन ममता बनर्जी के बड़ी संख्या में पुलिस अधिकारियों के साथ पहुंचने की वजह से जांच में रुकावट पैदा हुई.
/newsnation/media/agency_attachments/logo-webp.webp)
Follow Us