यूपी के 15 करोड़ लोगों के लिए वरदान साबित हो रही सरकार की ये योजना, नहीं लगाने पड़ रहे दफ्तरों के चक्कर

UP News: योगी सरकार हर व्यक्ति के विकास के लिए पारदर्शिता के साथ काम कर रही है. जिससे आखिरी व्यक्ति तक सरकारी योजनाओं का लाभ पहुंच सके. इसके लिए योगी सरकार ने फैमिली आईडी योजना शुरू की है, जो 15 करोड़ लोगों के लिए वरदान बन गई है.

UP News: योगी सरकार हर व्यक्ति के विकास के लिए पारदर्शिता के साथ काम कर रही है. जिससे आखिरी व्यक्ति तक सरकारी योजनाओं का लाभ पहुंच सके. इसके लिए योगी सरकार ने फैमिली आईडी योजना शुरू की है, जो 15 करोड़ लोगों के लिए वरदान बन गई है.

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Suhel Khan
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Yogi Adityanath CM UP

योगी आदित्यनाथ, मुख्यमंत्री, उत्तर प्रदेश Photograph: (X@myogiadityanath)

UP News: यूपी की योगी सरकार राज्य और गरीबों के विकास के लिए तेजी से काम कर रही है. योगी सरकार ने 'अंत्योदय' के अपने संकल्प को भी सिद्ध किया है. जिसके लिए योगी सरकार ने 'फैमिली आईडी" यानी एक परिवार-एक पहचान' योजना से साबित किया है. इस योजना के जरिए योगी सरकार ने तकनीक आधारित सुशासन का नया मॉडल भी पेश किया है. इस पहल का मुख्य उद्देश्य समाज के आखिरी व्यक्ति तक सरकारी योजनाओं का लाभ पहुंचाना है. जिसके लिए उन्हें इधर से उधर ना भागना पड़े और ना ही उन्हें इसके लिए बिचौलियों की मदद लेनी पड़े.

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फैमिली आईडी से मिलता है 98 योजनाओं का लाभ

बता दें कि योगी सरकार ने केंद्र और राज्य की कुल 98 प्रमुख योजनाओं का लाभ देने के लिए 12 अंकों वाली फैमिली आईडी से जोड़ दिया है. इस डेटाबेस से भ्रष्टाचार पर अंकुश लगने के साथ ही 'फर्जी लाभार्थियों' के नाम को भी हटाने में मदद मिली. जिससे वास्तविक जरूरतमंदों को सिस्टम में जगह मिल रही है और उन्हें उस योजना का लाभ मिल रहा है. राज्य में अब तक 15 करोड़ 7 लाख से अधिक इस योजना के तहत रजिस्टर हो चुके हैं और उसका लाभ उठा रहे हैं.

जानें क्या हैं इस योजना की विशेषताएं?

राज्य में फैमिली आईडी बनने से नागरिकों को कई लाभ मिल रहे हैं. जिसमें नागरिकों को जाति, आय या मूलनिवास प्रमाण पत्र बनवाने के लिए बार-बार आवेदन करने की जरूरत नहीं होती. इसके लिए ई-केवाईसी और आधार लिंक होने की वजह से पात्रता का निर्धारण सिस्टम खुद ब खुद कर लेता है. यही नहीं जिन परिवारों के पास राशन कार्ड नहीं है, वे भी पोर्टल पर आवेदन कर अपनी आईडी बनवा सकते हैं. इसके बाद लेखपाल और ग्राम पंचायत अधिकारियों से सत्यापन कराने के बाद उन्हें भी उन योजनाओं का लाभ मिलने लगता है.

कैसे काम करता है फैमिली कार्ड?

दरअसल, फैमिली कार्ड एक ओटीपी आधारित सत्यापन और डिजिलॉकर (DigiLocker) की सुविधा देना वाला कार्ड है. जो पूरी तरह से फ्री है. इस योजना के तहत अब तक 19 लाख से अधिक कार्ड भौतिक आधार पर जारी किए जा चुके हैं. सीएम योगी की यह नीति राज्य को एक डेटा-संचालित सुशासन की ओर लेकर जा रही है. जिससे सरकारी योजनाएं खुद पात्र व्यक्तियों तक पहुंच रही हैं.

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