News Nation Logo
Banner

महाराष्‍ट्र में राष्‍ट्रपति शासन के अटकलों के बीच शिवसेना सुप्रीम कोर्ट पहुंची

महाराष्‍ट्र का राजनीतिक नाटक अब सुप्रीम कोर्ट पहुंच गया है. महाराष्‍ट्र में राष्‍ट्रपति शासन की खबरों के बीच शिवसेना ने सुप्रीम कोर्ट में इसके खिलाफ याचिका दायर की है. आज देर रात तक या कल सुबह तक महाराष्‍ट्र में राष्‍ट्रपति शासन लागू हो सकता है.

By : Sunil Mishra | Updated on: 12 Nov 2019, 03:39:33 PM
पीएम नरेंद्र मोदी (फाइल फोटो)

पीएम नरेंद्र मोदी (फाइल फोटो) (Photo Credit: File Photo)

नई दिल्‍ली:

महाराष्‍ट्र का राजनीतिक नाटक अब सुप्रीम कोर्ट पहुंच गया है. महाराष्‍ट्र में राष्‍ट्रपति शासन लगाने यानी धारा 356 लागू करने की खबरों के बीच शिवसेना ने सुप्रीम कोर्ट में इसके खिलाफ याचिका दायर की है. आज देर रात तक या कल सुबह तक महाराष्‍ट्र में राष्‍ट्रपति शासन लागू हो सकता है. शिवसेना नेता उद्धव ठाकरे ने सुप्रीम कोर्ट में याचिका डालने के लिए खुद कांग्रेस के वरिष्‍ठ नेता और सुप्रीम कोर्ट के वरिष्‍ठ वकील कपिल सिब्‍बल से फोन पर बात की. उसके बाद शिवसेना की ओर से याचिका दायर की गई. उधर खबर है कि केंद्र सरकार की ओर से राष्‍ट्रपति को सिफारिश भेज दी गई है.

यह भी पढ़ें : मोदी कैबिनेट ने महाराष्‍ट्र में राष्‍ट्रपति शासन लगाने की संस्‍तुति की

शिवसेना ने दायर याचिका में आरोप लगाया है कि राज्‍यपाल बीजेपी और केंद्र सरकार के इशारे पर काम कर रहे हैं. शिवसेना ने राज्‍यपाल पर यह भी आरोप लगाया है कि उसे सरकार बनाने के लिए उचित समय नहीं दिया गया. शिवसेना की दलील यह है कि बीजेपी को सरकार बनाने के लिए 48 घंटे तो शिवसेना को केवल 24 घंटे ही समय दिया गया.

सूत्रों से मिली जानकारी के मुताबिक, आज दुबारा एनसीपी ने राज्यपाल से मिलकर 2 दिन और वक्त मांगा सरकार बनाने के लिए और उसी को आधार बनाकर राज्यपाल ने रिपोर्ट भेजी है.

यह भी पढ़ें : पहले शिवसेना-NCP-कांग्रेस में निकाह होने दीजिए, बाद में सोचेंगे कि बेटा होगा या बेटी, बोले असदुद्दीन ओवैसी

बीजेपी से गठबंधन तोड़ चुके शिवसेना ने राज्यपाल के फैसले का विरोध किया है. कपिल सिब्‍बल के अलावा शिवसेना नेता उद्धव ठाकरे ने कांग्रेस के वरिष्‍ठ नेता अहमद पटेल से बात की है.

First Published : 12 Nov 2019, 03:11:33 PM

For all the Latest States News, Maharashtra News, Download News Nation Android and iOS Mobile Apps.

×