News Nation Logo

BREAKING

Banner

बिहार के निवासी जहां भी फंसे हों वहीं पर उनके भोजन एवं रहने की व्यवस्था की जायेगी: नीतीश

बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने गुरूवार को कहा कि प्रदेश के निवासी राज्य या उसके बाहर जहां भी फंसे हों वहीं पर मदद उनकी जायेगी तथा उनके भोजन एवं रहने की व्यवस्था सरकार करेगी.

Bhasha | Updated on: 26 Mar 2020, 11:38:15 PM
nitish

नीतीश कुमार। (Photo Credit: फाइल फोटो)

पटना:

बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने गुरूवार को कहा कि प्रदेश के निवासी राज्य या उसके बाहर जहां भी फंसे हों वहीं पर मदद उनकी जायेगी तथा उनके भोजन एवं रहने की व्यवस्था सरकार करेगी. यहां मुख्यमंत्री निवास पर कोरोना संक्रमण एवं लॉकडाउन से उत्पन्न स्थिति पर एक उच्चस्तरीय बैठक के दौरान कुमार ने कहा कि सरकार कोरोना संक्रमण के कारण लोगों के फंसे होने की स्थिति को आपदा मान रही है और ऐसे लोगों की मदद उसी तरह की जायेगी जैसी अन्य आपदा पीड़ितों की की जाती है.

मुख्यमंत्री के निर्देश पर इस कार्य हेतु मुख्यमंत्री राहत कोष से आपदा प्रबंधन विभाग को 100 करोड़ रूपये की राशि जारी कर दी गयी है. कुमार ने कहा कि बिहार और उसके बाहर राज्य के निवासी जहां भी फंसे हों वहीं पर उनकी मदद की जायेगी तथा बिहार में जो अन्य राज्यों के लोग फंसे हैं उनके लिये भी राज्य सरकार अपने स्तर से भोजन एवं रहने की व्यवस्था करेगी. किसी को भी समस्या नहीं होने दी जायेगी.

यह भी पढ़ें- 'कोरोना संकट में मोदी सरकार गरीबों, मजदूरों, महिलाओं और किसानों के लिए चिंतित'

नीतीश ने कहा कि अन्य राज्यों में बिहार के जो लोग काम करते हैं और वे लॉकडाउन के कारण वहां के शहरों में फंसे हुये हैं या रास्ते में हैं उनके लिये भी राज्य सरकार नयी दिल्ली स्थानीय के माध्यम से संबंधित राज्य सरकारों एवं जिला प्रशासन से समन्वय स्थापित कर भोजन एवं रहने के लिए आवश्यक व्यस्था करेगी.

बैठक में यह भी निर्णय लिया गया कि तत्काल पटना तथा बिहार के अन्य शहरों में जो भी रिक्शा चालक, दैनिक मजदूर एवं अन्य राज्यों के व्यक्ति जो लॉकडाउन के चलते फंसे हुये हैं उनके रहने तथा भोजन की व्यवस्था राज्य सरकार अपने स्तर से करेगी. मुख्यमंत्री ने कहा कि बिहार में पटना तथा अन्य शहरों में ऐसे लोगों के लिये वहीं पर आपदा राहत केन्द्र स्थापित किया जायेगा तथा इन जगहों पर व्यवस्था करने में सोशल डिस्टेंसिंग का भी ख्याल रखा जायेगा.

यह भी पढ़ें- बिहार में कोरोना वायरस से संक्रमित मरीजों की संख्या बढ़कर 6 पहुंची

आपदा राहत केन्द्रों पर कोरोना संक्रमण से निपटने के लिये चिकित्सक उपलब्ध रहेंगे. बैठक में उपमुख्यमंत्री सुशील कुमार मोदी, जल संसाधन मंत्री संजय झा, मुख्य सचिव दीपक कुमार, पुलिस महानिदेशक गुप्तेश्वर पाण्डेय, आपदा विभाग के प्रधान सचिव प्रत्यय अमृत सहित अन्य वरीय अधिकारी उपस्थित थे. उपमुख्यमंत्री सुशील कुमार मोदी ने दूसरे राज्यों में रह रहे बिहारी मजदूरों को लॉकडाउन के दौरान रहने व खाने की समुचित व्यवस्था के लिए बातें की.

उन्होंने उत्तरप्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ, गुजरात के मुख्यमंत्री विजय रूपानी, उत्तराखंड के मुख्यमंत्री त्रिवेन्द्र सिंह रावत, हरियाण के मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर, पंजाब के वित्तमंत्री मनप्रीत सिंह बादल, तेलंगना व महाराष्ट्र के मुख्य सचिवों से इस बाबत बात टेलीफोन से बातें की. सुशील ने बताया कि सभी मुख्यमंत्रियों एवं मुख्यसचिवों ने आश्वस्त किया कि वे अपने खर्चों पर बिहारी मजदूरों के रहने व खाने की पूरी व्यवस्था करेंगे तथा उन्हें हर तरह का सहयोग मुहैय्या करायेंगे.

यह भी पढ़ें- नीतीश सरकार को आई लॉकडाउन में फंसे बिहारियों की याद

उन सभी ने इसके लिए अपने-अपने राज्यों में एक-एक नोडल अधिकारी को अधिकृत करने का भी आश्वासन दिया जो दिल्ली के स्थानिक आयुक्त बिपीन कुमार से समन्वय स्थापित कर पूरी व्यवस्था की जानकारी देंगे. बिहार विधानसभा में प्रतिपक्ष के नेता तेजस्वी प्रसाद यादव ने लॉकडाउन के चलते पंजाब के मोहाली में फँसे पश्चिम चम्पारण जिला के मैनाटांड व सिकटा प्रखंड के करीब 250 दैनिक मज़दूर के बारे में पंजाब के मुख्यमंत्री कैप्टन अमरेन्द्र सिंह तक सूचना पहुँचायी . ये लोग राशन के अभाव मे दो दिन से सिर्फ पानी पीकर गुजारा कर रहे थे. तेजस्वी के ट्वीट के बाद पंजाब सरकार के अधिकारी वहाँ पहुँचे और उन मज़दूरों के खाने की व्यवस्था की.

First Published : 26 Mar 2020, 11:38:15 PM

For all the Latest States News, Bihar News, Download News Nation Android and iOS Mobile Apps.

×