कितनी गंभीर है टेस्टिकुलर टॉर्शन की बीमारी? जिससे जूझ रहे हैं तिलक वर्मा, जानिए ठीक होने में लगता है कितना वक्त

Tilak Varma Suffering From Testicular Torsion: भारतीय क्रिकेटर तिलक वर्मा को आज सुबह दर्द के कारण अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां मालूम चला कि वह टेस्टिकुलर टॉर्शन से जूझ रहे हैं और उनकी तत्काल सर्जरी कराई गई.

Tilak Varma Suffering From Testicular Torsion: भारतीय क्रिकेटर तिलक वर्मा को आज सुबह दर्द के कारण अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां मालूम चला कि वह टेस्टिकुलर टॉर्शन से जूझ रहे हैं और उनकी तत्काल सर्जरी कराई गई.

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Sonam Gupta
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testicular torsion How serious Tilak Varma is suffering from how long it takes to recover

testicular torsion How serious Tilak Varma is suffering from how long it takes to recover

Tilak Varma Suffering From Testicular Torsion: भारतीय स्टार क्रिकेटर तिलक वर्मा से जुड़ी एक खबर सामने आई, जिसने सभी की टेंशन बढ़ा दी है. खबर है कि तिलक को आज सुबह नाश्ते के बाद दर्द उठा, जिसके चलते उन्हें अस्पतलाक में भर्ती कराया गया. प्रारंभिक जांच में पता चला कि तिलक को टेस्टिकल टॉर्शन नामक बीमारी हो गई है. स्थिति की गंभीरता को समझते हुए डॉक्टर्स ने तुरंत सर्जरी की सलाह दी. अब उनकी सर्जरी हो चुकी है और स्थिति स्थिर बताई जा रही है. आइए इस खबर में जानते हैं कि टेस्टिकल टॉर्शन बीमारी क्या है, क्यों होती है और इससे पूरी तरह ठीक होने में कितना वक्त लगता है?

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टेस्टिकल टॉर्शन क्या है?

मिली जानकारी के मुताबिक टेस्टिकल टॉर्शन एक मेडिकल इमरजेंसी है, जिसमें अंडकोष (testicle) अपने स्पर्मेटिक कॉर्ड (नसों वाली नली) पर मुड़ जाता है, जिससे अंडकोष में खून का प्रवाह रुक जाता है.

इसके कारण तेज दर्द उठता है, उस हिस्से पर सूजन और लालिमा होती है और समय पर इमरजेंसी सर्जरी न होने पर अंडकोष को स्थायी नुकसान या निकालना पड़ सकता है. यह स्थिति किसी भी उम्र में हो सकती है, लेकिन अमूमन किशोरों (12-18 साल) में ज़्यादा आम है और तत्काल इलाज जरूरी है. नजरअंदाज करने से दिक्कत बढ़ सकती है.

सर्जरी है एकमात्र इलाज

टेस्टिकल टॉर्शन की समस्या से समाधान पाने के लिए मरीज को सर्जरी करानी होती है. डॉक्टर्स के मुताबिक, 6-12 घंटे के भीतर सर्जरी न होने पर अंडकोष को बचाना मुश्किल हो जाता है, और उसे निकालना पड़ सकता है. यही वजह है कि जब तिलक वर्मा को अस्पताल में भर्ती कराया गया, तो डॉक्टर्स ने प्रारंभिक जांच में ही सर्जरी बता दी थी और तत्काल-प्रभाव से सर्जरी भी हुई, ताकि वह जल्द ही स्वस्थ्य हो सकें.

पूरी तरह ठीक होने में कितना वक्त लगता है?

टेस्टिकल टॉर्शन की सर्जरी के बाद पूरी तरह ठीक होने में आमतौर पर 2 से 4 सप्ताह लगते हैं, जिसमें पहले एक-दो हफ़्ते आराम और ज्यादा एक्टिविटीज से बचना जरूरी है, जबकि टांके 2-3 सप्ताह में घुल जाते हैं और नॉर्मल एक्टिविटीज 1-2 सप्ताह में शुरू कर सकते हैं, पर भारी काम और सेक्स के लिए अधिक समय (4-6 सप्ताह) लग सकता है. 

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