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कटक वनडे: भारत ने इंग्लैंड को 15 रनों से हराया, युवराज रहे मैच के हीरो

भारत ने इंग्लैंड को रोमांचक मुकाबले में हरा दिया है। कटक के बाराबती स्टेडियम में गुरुवार को खेले गये मैच में भारत ने 382 रनों का लक्ष्य दिया था।

News Nation Bureau | Edited By : Jeevan Prakash | Updated on: 20 Jan 2017, 09:34:48 AM
(Image Source- PTI)

highlights

  • भारत ने कटक वनडे में इंग्लैंड को 15 रनों से हराया
  • भारत ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 381 रन बनाए थे
  • तीन मैचों की श्रृंखला में भारत ने लगातार दूसरा वनडे जीता

नई दिल्ली:  

भारत ने इंग्लैंड को रोमांचक मुकाबले में 15 रनों से हरा दिया है। कटक के बाराबती स्टेडियम में गुरुवार को खेले गये मैच में भारत ने 382 रनों का लक्ष्य दिया था। इस जीत के साथ ही भारत ने तीन मैचों की श्रृंखला पर 2-0 से कब्जा कर लिया है। इंग्लैंड के बल्लेबाजों ने भारत की कड़ी टक्कर दी। युवराज सिंह को 'मैन ऑफ द मैच' चुना गया।

भारत से मिले 382 रनों के अपने सबसे विशाल लक्ष्य का पीछा करने उतरी इंग्लैंड कप्तान इयान मोर्गन (102) और जेसन रॉय (82) की जुझारू पारियों के बावजूद निर्धारित 50 ओवरों में आठ विकेट खोकर 366 रन बना सकी।

इतने विशाल लक्ष्य का पीछा करते हुए इंग्लैंड 45 ओवरों तक भारत की अपेक्षा रनों के मामले में आगे चल रहा था। भारत के जहां 45 ओवरों में चार विकेट पर 308 रन थे, वहीं इंग्लैंड ने 45 ओवरों तक 309 रन बना लिए थे, हालांकि उसके सात विकेट गिर चुके थे।

81 गेंदों में छह चौके और पांच छक्के लगा चुके मोर्गन जब तक क्रीज पर थे, इंग्लैंड की उम्मीदें बची हुई थीं। लेकिन 49वें ओवर की तीसरी गेंद पर जसप्रीत बुमराह ने फॉलोअप में न सिर्फ लियाम प्लंकेट का शॉट रोका, बल्कि नॉन स्ट्राइकर छोर छोड़ चुके मोर्गन को रन आउट कर इंग्लैंड की आखिरी उम्मीद भी खत्म कर दी।

इंग्लैंड को आखिरी ओवर में 22 रन चाहिए थे और गेंद लेकर उतरे डेथ ओवर के विश्वसनीय गेंदबाज भुवनेश्वर। भुवनेश्वर ने विश्वास को कायम रखते हुए ओवर में सिर्फ छह रन दिए और भारत 15 रनों से मैच जीत गया।

बड़े लक्ष्य का पीछा करने उतरी इंग्लैंड ने एलेक्स हेल्स (14) विकेट शुरू में ही गंवाने के बाद अच्छी लय पकड़ी। जोए रूट (54) ने जेसन रॉय (82) के साथ दूसरे विकेट के लिए 100 रनों की साझेदारी कर टीम को लक्ष्य की दिशा में आगे बढ़ाया।

55 गेंद पर आठ चौके लगाकार रूट रविचंद्रन अश्विन की गेंद पर विराट कोहली के हाथों लपके गए। जेसन रॉय ने इसके बाद मैदान पर उतरे कप्तान इयान मोर्गन (102) के साथ 42 रन जोड़े और टीम को लक्ष्य की पटरी पर बनाए रखा।

73 गेंदों में नौ चौके और दो छक्के लगा चुके जेसन की तेज-तर्रार पारी पर रवींद्र जडेजा ने लगाम लगाई। यहां से इंग्लैंड ने मध्यक्रम में बेन स्टोक्स (1) और जोस बटलर (10) के विकेट जल्दी-जल्दी गंवाए।

मोर्गन एक छोर संभालकर खड़े रहे। 206 रन पर पांच विकेट इंग्लैंड गंवा चुकी थी, तब मोइन अली (55) मैदान पर उतरे। मोइन ने मोर्गन का अच्छा साथ निभाया। दोनों ने 12.1 ओवरों में 7.64 के औसत से 93 रनों की साझेदारी कर टीम को 300 के करीब पहुंचा दिया।

यह साझेदारी भारत के लिए और खतरनाक होती, तभी मोइन ऑफ स्टंप से काफी बाहर जा रही गेंद पर तेज शॉट लगाने के प्रयास में बल्ले का भीतरी किनारा दे बैठे और गेंद ने उनकी गिल्लियां बिखेर दीं।

भुवनेश्वर के इससे ठीक पहले वाले ओवर में मोइन को एक जीवनदान भी मिला था। मोइन का तेज खेला गया शॉट काफी ऊंचा उठा और लांग ऑन पर खड़े रवींद्र जडेजा के लिए यह एक आसान कैच लग रहा था, लेकिन दबाव में वह कैच छोड़ बैठे। हालांकि भारत को इस गलती का ज्यादा खामियाजा नहीं भुगतना पड़ा।

जसप्रीत बुमराह ने अगले ही ओवर में क्रिस वोक्स (5) को क्लीन बोल्ड कर इंग्लैंड को सातवां झटका दे दिया। हालांकि मोर्गन अभी भी आतिशी अंदाज में खेल रहे थे। बुमराह के इस ओवर सहित अगले चार ओवरों में इंग्लैंड ने 49 रन बटोरे।

मोर्गन ने लियाम प्लंकेट (नाबाद 26) के साथ मात्र 25 गेंदों में 50 रन जड़ डाले। लेकिन मोर्गन अपनी टीम को जीत नहीं दिला सके।

भारत के लिए रविचंद्रन अश्विन ने सर्वाधिक तीन विकेट चटकाए। उनके अलावा जसप्रीत बुमराह को दो और भुवनेश्वर कुमार और रवींद्र जडेजा को एक-एक विकेट मिला।

जडेजा सबसे किफायती गेंदबाज रहे। उन्होंने 10 ओवरों में 45 रन दिए।

भारत की पारी

युवराज सिंह (150) के करियर के सर्वोच्च स्कोर और महेन्द्र सिंह धोनी (134) की शानदार शतकीय पारियों की मदद से भारत ने इंग्लैंड के सामने 382 रनों का लक्ष्य रखा था।

भारत की शुरुआत बेहद खराब रही। लोकेश राहुल (5), शिखर धवन (11) और कप्तान कोहली (8) 25 रनों के कुल स्कोर पर पवेलियन लौट गए।

यहां से मध्यक्रम के अनुभवी बल्लेबाजों युवराज और धोनी ने मोर्चा संभाला और चौथे विकेट के लिए 256 रनों की साझेदारी कर टीम को मजबूत स्थिति में पहुंचा दिया।

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युवराज ने 2011 विश्व कप में अपना आखिरी शतक जड़ा था जबकि धोनी ने 2013 में आस्ट्रेलिया के खिलाफ आखिरी बार शतकीय पारी खेली थी। इन दोनों के बीच यह साझेदारी एकदिवसीय में चौथे विकेट के लिए दूसरी सबसे बड़ी साझेदारी है।

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युवराज ने 127 गेंदों में 21 चौके और तीन छक्के लगाए। धोनी ने 122 गेंदों में 10 चौके और छह छक्के लगाए। धोनी इस मैच में एकदिवसीय क्रिकेट में 200 से ज्यादा छक्के लगाने वाले पहले बल्लेबाज बन गए हैं।

अंत में केदार जाधव ने 10 गेंदों में तीन चौके और एक छक्के की मदद से 22 रन बनाए जबकि हार्दिक पांड्या 19 और रवींद्र जडेजा 16 रनों पर नाबाद लौटे। इंग्लैंड की ओर से क्रिस वोक्स ने चार विकेट लिए। भारत ने 50 ओवर में 6 विकेट खोकर 381 रन बनाए। एमएस धोनी 122 गेंद पर 134 रन बनाकर आउट हो हुए।

First Published : 19 Jan 2017, 09:35:00 PM

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