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भारत का चंद्रयान-2 नासा के मून ऑर्बिटर से टकराने से बचा

भारत का चंद्रयान-2 नासा के मून ऑर्बिटर से टकराने से बचा

IANS | Edited By : IANS | Updated on: 17 Nov 2021, 08:40:01 AM
India Chandrayaan-2

(source : IANS) (Photo Credit: (source : IANS))

चेन्नई: भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (इसरो) ने कहा कि अपने अंतरिक्ष अन्वेषण मिशन में पहली बार, चंद्रयान -2 ऑर्बिटर और यूएस लूनर रिकनेसेन्स ऑर्बिटर (एलआरओ) के बीच टकराव से बचने के लिए हाल ही में एक टालमटोल उपाय किया गया था।

इसरो के मुताबिक, चंद्रयान-2 ऑर्बिटर और नेशनल एरोनॉटिक्स एंड स्पेस एडमिनिस्ट्रेशन (नासा) के एलआरए के 20 अक्टूबर 2021 को लूनर नॉर्थ पोल के पास एक-दूसरे के बेहद करीब आने की भविष्यवाणी की गई थी।

इसरो और नासा की जेट प्रोपल्शन लेबोरेटरी (जेपीएल) की गणना से पता चला है कि दो अंतरिक्ष यान के बीच रेडियल अलगाव 100 मीटर से कम होगा और निकटतम दृष्टिकोण दूरी 20 अक्टूबर, 2021 को भारतीय समयानुसार सुबह 11.15 बजे केवल तीन किमी होगी।

इसरो और नासा ने इस बात पर सहमति जताई कि स्थिति में टकराव से बचने के लिए युद्धाभ्यास की आवश्यकता है और दोनों एजेंसियों के बीच आपसी समझौते के अनुसार चंद्रयान-2 ऑर्बिटर को 18 अक्टूबर, 2021 को दो अंतरिक्ष यान के बीच अगले निकटतम संयोजन में पर्याप्त रूप से बड़े रेडियल पृथक्करण को सुनिश्चित करते हुए दूर ले जाया गया।

दोनों कक्षाएँ लगभग ध्रुवीय कक्षा में चंद्रमा की परिक्रमा करती हैं और इसलिए, दोनों अंतरिक्ष यान चंद्र ध्रुवों पर एक दूसरे के करीब आते हैं।

इंडियन ऑर्बिटर पिछले दो साल से चांद की परिक्रमा कर रहा है।

पृथ्वी की कक्षा में उपग्रहों के लिए अंतरिक्ष मलबे और परिचालन अंतरिक्ष यान सहित अंतरिक्ष वस्तुओं के कारण टकराव के जोखिम को कम करने के लिए टकराव से बचने के लिए युद्धाभ्यास से गुजरना आम बात है।

रूस के राज्य अंतरिक्ष निगम रोस्कोस्मोस ने कहा कि 2020 में, भारत के 700 किलोग्राम काटरेग्राफी उपग्रह काटरेसैट-2 एफ और रूस के 450 किलोग्राम कानोपस-वी उपग्रह बाहरी अंतरिक्ष में लगभग चूक गए थे।

दोनों पृथ्वी अवलोकन उपग्रह 224 मीटर के करीब थे।

कानोपस रूसी अंतरिक्ष एजेंसी के 450 किलोग्राम मिनी-सैटेलाइट मिशन के लॉन्च मास के साथ एक पृथ्वी अवलोकन है।

डिस्क्लेमरः यह आईएएनएस न्यूज फीड से सीधे पब्लिश हुई खबर है. इसके साथ न्यूज नेशन टीम ने किसी तरह की कोई एडिटिंग नहीं की है. ऐसे में संबंधित खबर को लेकर कोई भी जिम्मेदारी न्यूज एजेंसी की ही होगी.

First Published : 17 Nov 2021, 08:40:01 AM

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