News Nation Logo

अखाड़ा परिषद ने कहा, कुंभ मेले को लेकर हम कोई समझौता नहीं करेंगे

कोरोना महामारी (Corona Virus Epidemic) अब कमजोर पड़ने लगी है, लिहाजा अखिल भारतीय अखाड़ा परिषद (Akhil BHartiya Akhada Parishad) चाहता है कि हरिद्वार में लगने वाला कुंभ मेला (Haridwar Kumbh Mela) भव्‍य तरीके से आयोजित की जाए.

News Nation Bureau | Edited By : Sunil Mishra | Updated on: 28 Dec 2020, 04:35:01 PM
Kumbh Mela

'कमजोर पड़ने लगा है कोरोना, हरिद्वार कुंभ मेले का हो भव्य आयोजन' (Photo Credit: File Photo)

नई दिल्ली:

कोरोना महामारी (Corona Virus Epidemic) अब कमजोर पड़ने लगी है, लिहाजा अखिल भारतीय अखाड़ा परिषद (Akhil BHartiya Akhada Parishad) चाहता है कि हरिद्वार में लगने वाला कुंभ मेला (Haridwar Kumbh Mela) भव्‍य तरीके से आयोजित की जाए. अखिल भारतीय अखाड़ा परिषद ने उत्तराखंड के सीएम त्रिवेंद्र सिंह रावत (CM Trivendra Singh Rawat) को नए साल में प्रयागराज की यात्रा करने और वार्षिक माघ मेले (Prayagraj Magh Mela) के प्रबंधों को देखने के लिए निमंत्रण भेजा है. हालांकि सीएम त्रिवेंद्र सिंह रावत कोरोना से संक्रमित हो गए हैं और फिलहाल उपचाराधीन हैं. 

अखिल भारतीय अखाड़ा परिषद के प्रमुख महंत नरेंद्र गिरि (Mahant Narendra Giri) का कहना है कि हम चाहते हैं कि सीएम त्रिवेंद्र सिंह रावत को इसलिए निमंत्रण भेजा गया है, ताकि वे कोरोना संक्रमण के बीच माघ मेले की तैयारियों को देख लें. इससे पहले अखिल भारतीय अखाड़ा परिषद हरिद्वार कुंभ मेले को छोटे पैमाने पर आयोजित करने पर विचार कर रहा था, लेकिन कोरोना के कमजोर पड़ने और आने वाले दिनों में वैक्‍सीन लांच होने की संभावनाओं को देखते हुए परिषद ने तय किया है कि सभी मानकों का पालन करते हुए मेले को भव्य तरीके से आयोजित किया जाना चाहिए. 

अखिल भारतीय अखाड़ा परिषद के महासचिव और जूना अखाड़े के मुख्य संरक्षक महंत हरि गिरि ने कहा कि अगर दुर्भाग्य से फरवरी के बाद कोरोना के मामले बढ़ जाते हैं, तो उत्तराखंड प्रशासन द्वारा जारी दिशानिर्देशों के अनुसार काम किया जाएगा. फिलहाल हम अपने धार्मिक कार्यक्रम पर कोई समझौता नहीं करेंगे.

महंत नरेंद्र गिरि ने आगे कहा कि ऐसा कोई भ्रम नहीं होना चाहिए कि एबीएपी ने कभी कहा था कि हरिद्वार कुंभ आयोजित नहीं किया जाना चाहिए. उन्होंने कहा कि प्रयागराज की तरह, हरिद्वार में गंगा नदी का तट विशाल है और संत नदी के दूसरे तट पर जाने के लिए तैयार हैं, जहां कुंभ में आने वाले संतों को समायोजित करने के लिए पर्याप्त जगह है.

उन्होंने कहा कि संतों ने हमेशा माना है कि कोरोनोवायरस के संबंध में मौजूदा स्थिति के अनुसार कुंभ आयोजित किया जाना चाहिए और इसलिए, इस कार्यक्रम को बड़े पैमाने पर आयोजित किया जाना चाहिए. हरिद्वार में कुंभ मेला 11 मार्च से शुरू होने वाला है और 27 अप्रैल को संपन्न होगा.

First Published : 28 Dec 2020, 05:48:23 PM

For all the Latest Religion News, Kumbh News, Download News Nation Android and iOS Mobile Apps.