Holika Dahan 2026: किन लोगों को होलिका दहन देखने से बचना चाहिए और इससे जुड़े नियम और मान्यताएं क्या हैं? जानिए

Holika Dahan 2026: हिंदू धर्म में होलिका दहन का विशेष महत्व होता है. होलिका दहन के कई नियम बताए गए हैं. नियम के अनुसार, कुछ लोगों को होलिका दहन देखना वर्जित माना जाता है. आइए जानते हैं किन लोगों को होलिका दहन नहीं देखना चाहिए.

Holika Dahan 2026: हिंदू धर्म में होलिका दहन का विशेष महत्व होता है. होलिका दहन के कई नियम बताए गए हैं. नियम के अनुसार, कुछ लोगों को होलिका दहन देखना वर्जित माना जाता है. आइए जानते हैं किन लोगों को होलिका दहन नहीं देखना चाहिए.

author-image
Akansha Thakur
New Update
Holika Dahan 2026 (1)

Holika Dahan 2026

Holika Dahan 2026: होली का पर्व अब नजदीक है. हर साल फाल्गुन माह की पूर्णिमा तिथि पर होलिका दहन किया जाता है. इसके अगले दिन रंगों के साथ होली मनाई जाती है. हिंदू पंचांग के अनुसार, वर्ष 2026 में होलिका दहन 03 मार्च को किया जाएगा. वहीं 04 मार्च को देशभर में रंगों वाली होली खेली जाएगी. होलिका दहन होली से एक दिन पहले होता है और इसे बहुत पवित्र माना जाता है. 

Advertisment

इस दिन बुराई पर अच्छाई की जीत का प्रतीक अग्नि प्रज्वलित किया जाता है. शास्त्रों में होलिका दहन से जुड़े कई नियम और मान्यताएं बताई गई हैं. इनमें कुछ लोगों के लिए होलिका दहन देखना वर्जित माना गया है. चलिए जानते हैं किन लोगों को होली दहन नहीं देखना चाहिए. 

किन लोगों को नहीं देखना चाहिए होलिका दहन? 

नवविवाहित दुल्हन 

धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, जिन महिलाओं की नई शादी हुई हो और ससुराल में यह उनकी पहली होली हो, उन्हें होलिका दहन नहीं देखना चाहिए. साथ ही पूजा में भी शामिल नहीं होना चाहिए. इसी कारण कई परिवार होली से पहले नवविवाहित दुल्हन को मायके भेज देते हैं. माना जाता है कि पहली होली में होलिका की अग्नि देखना अशुभ होता है.

मासिक धर्म 

नियम के अनुसार, मासिक धर्म के समय महिलाओं को किसी भी धार्मिक अनुष्ठान से दूरी बनाए रखनी चाहिए. होलिका दहन भी इसमें शामिल है. ऐसा कहा जाता है कि इस दौरान शरीर में ऊर्जा कम होती है और नकारात्मक प्रभाव जल्दी पड़ सकता है. यदि देखना जरूरी हो तो दूरी बनाए रखना बेहतर माना गया है.

बीमार और बुजुर्ग व्यक्तियों के लिए सावधानी

जो लोग शारीरिक रूप से कमजोर हैं, बीमार हैं या बहुत अधिक उम्रदराज हैं, उन्हें होलिका दहन की अग्नि और धुएं से दूर रहना चाहिए. आग और धुआं सांस, ब्लड प्रेशर और हृदय से जुड़ी समस्याओं को बढ़ा सकता है. ऐसे लोगों को घर पर रहकर ही पूजा करना उचित माना गया है.

नवजात बच्चे

नवजात बच्चों को होलिका दहन स्थल पर नहीं ले जाना चाहिए. धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, इस समय वातावरण में नकारात्मक शक्तियां सक्रिय रहती हैं. साथ ही आग और धुआं बच्चों के स्वास्थ्य के लिए हानिकारक हो सकता है. बच्चों की रोग प्रतिरोधक क्षमता कमजोर होती है, इसलिए विशेष सावधानी जरूरी है.

गर्भवती महिलाएं 

गर्भवती महिलाओं को भी होलिका दहन की अग्नि देखने से बचने की सलाह दी जाती है. मान्यता है कि इससे गर्भ में पल रहे शिशु पर नकारात्मक प्रभाव पड़ सकता है. इसके अलावा, जिन लोगों की केवल एक ही संतान है, उन्हें भी होलिका दहन करने या अग्नि देखने से बचने की बात कही जाती है.

यह भी पढ़ें: Holashtak 2026: कल से शुरु होंगे होलाष्टक, इन 8 दिनों में भूलकर भी न करें ये काम, वरना जीवन में आ सकती है परेशानी

Holika Dahan 2026 holika dahan
Advertisment