News Nation Logo
Banner

Chanakya Niti: आचार्य चाणक्य की इन चार बातों को अपनाकर बन जाएंगे भले इंसान

Chanakya Niti: आचार्य चाणक्य का कहना था कि मनुष्य के जीवन में बहुत सी ऐसी चीजें होती हैं जो उसके पूरे जीवन काल में आखिरी समय तक उसका साथ नहीं छोड़ती हैं.

News Nation Bureau | Edited By : Dhirendra Kumar | Updated on: 23 Feb 2021, 12:47:24 PM
Chanakya Niti: आचार्य चाणक्य (Chanakya)

Chanakya Niti: आचार्य चाणक्य (Chanakya) (Photo Credit: newsnation)

highlights

  • जो व्यक्ति अपने घर से दूर रहता है तो ज्ञान ऐसे लोगों को सबसे अच्छा मित्र होता है: चाणक्य
  • माता पिता बच्चों के साथ हर तरह की मुसीबत का सामना करने के लिए साथ खड़े रहते हैं: चाणक्य 

नई दिल्ली:

Chanakya Niti: आचार्य चाणक्य (Chanakya) की चाणक्य नीति (Chanakya Neeti) में कई ऐसी बातों का जिक्र किया गया है जिसके अनुसरण करने मात्र से मनुष्य किसी भी समस्या से बाहर आ सकता है. चाणक्य नीति में जीवन को सफल बनाने के लिए कई बातों का जिक्र किया गया है. आचार्य चाणक्य का कहना था कि मनुष्य के जीवन में बहुत सी ऐसी चीजें होती हैं जो उसके पूरे जीवन काल में आखिरी समय तक उसका साथ नहीं छोड़ती हैं. आचार्य चाणक्य के मुताबिक जमीन और पैसा भौतिक वस्तुएं हैं और इंसान यही समझता रहता है कि ये चीजें उसके जीवन में आखिरी समय तक बनी रहेंगी. चाणक्य का कहना है कि ये बिल्कुल भी सही बात नहीं है, उन्होंने कहा है कि मनुष्य के जीवन में सिर्फ चार ही चीज ऐसी है जो आखिरी समय तक उसके साथ रहती हैं. जानिए वो चार महत्वपूर्ण चीजें क्या है जो इंसान के आखिरी समय तक साथ रहती हैं.

यह भी पढ़ें: Chaitra Navratri 2021: कब से शुरू हो रही चैत्र नवरात्रि? जानें कलश स्थापना की विधि

मनुष्य का मित्र होता है ज्ञान
आचार्य चाणक्य के अनुसार मनुष्य का सबसे बड़ा मित्र या कहें साथी ज्ञान होता है. ज्ञान वह चीज है जो मनुष्य के आखिरी समय तक साथ नहीं छोड़ता है. उनका कहना है कि जो व्यक्ति अपने घर से दूर रहता है तो ज्ञान ऐसे लोगों को सबसे अच्छा मित्र होता है.  

हर मुसीबत में साथ देते हैं माता-पिता
आचार्य चाणक्य के अनुसार संसार में माता-पिता का रिश्ता पवित्र माना जाता है. व्यक्ति की जीवन में कोई भी बड़ी से बड़ी कठिनाई आ जाए, माता और पिता ही होते हैं तो व्यक्ति के साथ आखिरी समय तक साथ रहते हैं. माता पिता अपने बच्चों के साथ हर तरह की मुसीबत का सामना करने के लिए साथ खड़े रहते हैं.

मनुष्य की साथी होती हैं दवाईयां
आचार्य चाणक्य के अनुसार अगर व्यक्ति का स्वास्थ्य खराब होता है तो दवाई से ही इंसान ठीक होता है. उनका कहना है कि मनुष्य अपने पूरे जीवन काल में आखिरी समय तक दवाइयों के भरोसे रहता है मतलब यह कि जीवन के आखिरी समय तक दवाई व्यक्ति के साथ रहती है.

यह भी पढ़ें: गंगा-जमुनी तहजीब की मिसाल, करीब 800 साल से दरगाह पर निभाई जा रही रस्म

जीवन के आखिरी समय तक साथ रहता है धर्म
चाणक्य के अनुसार धर्म (Religion) किसी भी मनुष्य के जीवन में काफी महत्व रखता है. उनका कहना है कि मनुष्य के जीवन में धर्म आखिरी समय तक रहता है. उनका कहना है कि धर्म और कर्म के आधार पर ही अगले जीवन में सुख-दुख तय होता है.

First Published : 23 Feb 2021, 09:37:06 AM

For all the Latest Religion News, Dharm News, Download News Nation Android and iOS Mobile Apps.