News Nation Logo
कोरोना के नए वैरिएंट ओमीक्रॉम का खतरा बढ़ा, 30 देशों तक फैला वायरस ओमिक्रॉन पर स्वास्थ्य मंत्रालय ने दी जानकारी 66 और 46 साल के दो मरीज आइसोलेशन में रखे गए भारत में ओमीक्रॉन वायरस की पुष्टि कर्नाटक में मिले ओमीक्रॉन के 2 मरीज सीएम योगी आदित्यनाथ ने प. यूपी को गुंडे-माफियाओं से मुक्त कराकर उसका सम्मान लौटाया है: अमित शाह जहां जातिवाद, वंशवाद और परिवारवाद हावी होगा, वहां विकास के लिए जगह नहीं होगी: योगी आदित्यनाथ पीएम नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में देश में चक्रवात से संबंधित स्थिति पर हुई समीक्षा बैठक प्रभावित देशों से आने वाले यात्रियों का एयरपोर्ट पर RT-PCR टेस्ट किया जा रहा है: सत्येंद्र जैन दिल्ली में पिछले कुछ महीनों से कोविड मामले और पॉजिटिविटी रेट काफी कम है: सत्येंद्र जैन आंदोलनकारी किसानों की मौत और बढ़ती महंगाई के मुद्दे पर विपक्षी सांसदों ने राज्यसभा में नारेबाजी की दिल्ली में आज भी प्रदूषण का स्तर काफी खराब, AQI 342 पर पहुंचा बंगाल की सीएम ममता बनर्जी ने बैठकर गाया राष्ट्रगान, मुंबई BJP के एक नेता ने दर्ज कराई FIR यूपी सरकार ने भी ओमीक्रॉन को लेकर कसी कमर, बस स्टेशन- रेलवे स्टेशन पर होगी RT-PCR जांच

13 अप्रैल 2020: बैसाखी पर्व के साथ-साथ जलियावाला बाग हत्याकांड को 99 साल पूरे

आज के ही दिन पंजाबी नए साल की शुरुआत होती है. इसके साथ ही इस दिन को मौसम बदलने का प्रतीक भी माना जाता है

News Nation Bureau | Edited By : Aditi Sharma | Updated on: 13 Apr 2020, 11:10:36 AM
89 baisakhi 3

बैसाखी (Photo Credit: फाइल फोटो)

नई दिल्ली:

आज यानी 13 अप्रैल को बैसाखी का त्योहार मनाया जा रहा है. ये त्योहार देश के अलग-अलग हिस्सों में धूमधाम से मनाया जाता है. यह असम में बिहु, बंगाल में नबा वर्षा और केरल में पूरम विशु नाम से जाना जाता है. हिंदू कैलेंडर के मुताबिक इस दिन को सौर नववर्ष की शुरुआत के रूप में भी मनाया जाता है. इस दिन लोग अनाज की पूजा करते हैं और भगवान औप प्रकृति धन्यवाद हैं. इसे किसानों का त्यौहार भी कहते हैं. इस महीने खरीफ की फसल पूरी तरह से पक जाती है और इसे काटने की तैयारी शुरू हो जाती है. इस खुशी में यह त्यौहार मनाया जाता है.

आज के ही दिन पंजाबी नए साल की शुरुआत होती है. इसके साथ ही इस दिन को मौसम बदलने का प्रतीक भी माना जाता है. अप्रैल के महीने में सर्दी पूरी तरह से खत्म हो जाती है और गर्मियां शुरू होती हैं. बैसाखी को इसलिए भी मनाया जाता है, क्योंकि 13 अप्रैल 1699 को सिख पंथ के 10वें गुरु श्री गुरु गोविंद सिंह ने खालसा पंथ की स्थापना की थी.

यह भी पढ़ें: कोरोना वायरस से मरने वालों का केवल दाह संस्‍कार ही होगा, मुस्‍लिम समुदाय में नाराजगी

इस त्योहार को क्यों कहा जाता है बैसाखी?

दरअसल बैसाखी के समय आकाश में विशाखा नक्षत्र होता है. विशाखा नक्षत्र पूर्णिमा में होने की वजह से इसे बैसाखी कहते हैं. वैशाख माह के पहले दिन को बैसाखी कहा गया है.

यह भी पढ़ें: जो स्थिति आती है उसका जाना भी निश्चित, देशवासी धैर्य रखें : जगतगुरु शंकराचार्य

आज जलियावाला बाग हत्याकांड को 99 साल पूरे

13 अप्रैल की तारीख इसलिए भी खास है क्योंकि आज ही के दिन जलियावाला बाग हत्याकांड को 99 साल पूरे हो गए हैं. आज ही के दिन यानी बैसाखी के पर्व पर जर्नल रेजीनाल्ड एडवर्ड हैरी डायर ने ब्रिटिश सैनिकों के साथ वहां पहुंचकर पंजाबी नववर्ष के मौके पर शांतिपूर्ण इकट्ठे हुए लोगों पर गोलीबारी कर दी थी. स्वर्ण मंदिर के पास स्थित परिसर में नरसंहार से भारतीय आजादी के आंदोलन की चिंगारी को हवा लगी थी. कमजोर हो चुकीं अपनी आखों से परिसर के पुनर्निर्माण को देखते हुए एक वृद्ध मदन लाल तनेजा ने कहा, "हमने इस कुएं में अपने कई अपनों को खोया है. वे अपनी जान बचाने के लिए नहीं, बल्कि देश की गरिमा बचाने के लिए इस कुएं में कूद गए थे."

First Published : 13 Apr 2020, 11:06:04 AM

For all the Latest Religion News, Dharm News, Download News Nation Android and iOS Mobile Apps.

वीडियो