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Chitrakote Waterfall: भारत के सबसे चौड़े जलप्रपातों में से एक है चित्रकोट वाटरफॉल, जानें विशेषताएं

Chitrakote Waterfall: चित्रकोट वॉटरफॉल छत्तीसगढ़ राज्य में स्थित एक प्रमुख पर्यटन स्थल है. यह वॉटरफॉल महानदी नदी के उच्चतम अधिधिकार पर स्थित है और इसका उच्चतम नीचाई 100 फीट से अधिक है

Updated on: 29 Feb 2024, 06:56 PM

New Delhi:

Chitrakote Waterfall: चित्रकोट वॉटरफॉल छत्तीसगढ़ राज्य में स्थित एक प्रमुख पर्यटन स्थल है. यह वॉटरफॉल महानदी नदी के उच्चतम अधिधिकार पर स्थित है और इसका उच्चतम नीचाई 100 फीट से अधिक है. यह वॉटरफॉल विशाल चढ़ाई के साथ गिरता है और उसका दृश्य अत्यंत प्रेरणादायक होता है. चित्रकोट वॉटरफॉल छत्तीसगढ़ के कांगीर जिले में स्थित है और प्राकृतिक सौंदर्य के लिए प्रसिद्ध है. इसे 'इंद्रधनुष' के रूप में भी जाना जाता है क्योंकि यहां कई बारिश के बाद रंगीन धुंधली लकीरें बनती हैं. यहां के प्राकृतिक वातावरण और सुंदर दृश्य को देखते हुए इसे पर्यटन स्थल के रूप में लोकप्रियता हासिल है. चित्रकोट जलप्रपात, जिसे भारतीय नियाग्रा के नाम से भी जाना जाता है, भारत के छत्तीसगढ़ राज्य के बस्तर जिले में स्थित एक मनमोहक जलप्रपात है. यह इंद्रावती नदी पर स्थित है और इसकी ऊंचाई लगभग 98 फीट है. यह जलप्रपात अपनी प्राकृतिक सुंदरता, मनोरम दृश्यों और शांत वातावरण के लिए प्रसिद्ध है.

चित्रकोट जलप्रपात की कुछ विशेषताएं: यह भारत के सबसे चौड़े जलप्रपातों में से एक है, जिसकी चौड़ाई लगभग 300 फीट है. 

यह तीन भागों में विभाजित है: मुख्य जलप्रपात: यह सबसे ऊंचा और सबसे शक्तिशाली भाग है, जो घोड़े के खुर के आकार का है. मगरधारा: यह एक छोटा जलप्रपात है जो मुख्य  जलप्रपात के बगल में स्थित है. दूधधारा: यह एक झरना है जो मुख्य जलप्रपात से कुछ दूरी पर स्थित है और दूध की तरह सफेद दिखाई देता है. 

चित्रकोट जलप्रपात का दौरा करने का सबसे अच्छा समय:

चित्रकोट जलप्रपात का दौरा करने का सबसे अच्छा समय जुलाई से सितंबर के बीच है. इस दौरान, मानसून के कारण जलप्रपात अपने चरम पर होता है और दृश्य शानदार होते हैं. अगर आप कम भीड़ में जाना चाहते हैं, तो आप अक्टूबर या नवंबर में भी जा सकते हैं. 

चित्रकोट जलप्रपात के आसपास के आकर्षण: चित्रकोट जलप्रपात के आसपास कई अन्य आकर्षण हैं, जिनमें शामिल हैं:

चित्रकोट मंदिर: यह मंदिर भगवान राम और सीता को समर्पित है.

दंतेश्वरी मंदिर: यह मंदिर देवी दंतेश्वरी को समर्पित है, जो बस्तर की कुलदेवी हैं.

जगदलपुर किला: यह किला 17वीं शताब्दी का किला है, जो अपनी भव्य वास्तुकला के लिए जाना जाता है.

कैलाश गुफा: यह गुफा प्राचीन शिलालेखों और मूर्तियों के लिए प्रसिद्ध है.

चित्रकोट जलप्रपात कैसे पहुंचें: चित्रकोट जलप्रपात हवाई, रेल और सड़क मार्ग से अच्छी तरह से जुड़ा हुआ है. निकटतम हवाई अड्डा जगदलपुर में स्थित है, जो रायपुर, दिल्ली और मुंबई जैसे प्रमुख शहरों से जुड़ा हुआ है. निकटतम रेलवे स्टेशन जगदलपुर में स्थित है, जो रायपुर, दिल्ली और मुंबई जैसे प्रमुख शहरों से जुड़ा हुआ है. चित्रकोट जलप्रपात छत्तीसगढ़ के अन्य प्रमुख शहरों से सड़क मार्ग से अच्छी तरह से जुड़ा हुआ है. आप बस या टैक्सी द्वारा जगदलपुर पहुंच सकते हैं और फिर वहां से चित्रकोट जलप्रपात के लिए एक टैक्सी या ऑटो-रिक्शा ले सकते हैं. 

चित्रकोट जलप्रपात का दौरा करते समय कुछ बातों का ध्यान रखें: जलप्रपात के पास जाने के लिए आपको कुछ सीढ़ियां चढ़नी होंगी. यदि आप गतिशीलता से अक्षम हैं, तो आपको सहायता की आवश्यकता हो सकती है. जलप्रपात के पास पानी बहता रहता है, इसलिए आपको फिसलन से सावधान रहना चाहिए. जलप्रपात के आसपास का क्षेत्र कूड़े से मुक्त रखें. चित्रकोट जलप्रपात एक प्राकृतिक वन क्षेत्र में स्थित है. जंगली जानवरों से सावधान रहें और उनके प्राकृतिक आवास को नुकसान न पहुंचाएं.