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इजराइल से पंगा लेना ईरान को पड़ा महंगा, US-ब्रिटेन मिलकर लगाए ड्रोन कंपनियों पर गंभीर प्रतिबंध

अमेरिका और ब्रिटेन ने ईरान पर नये प्रतिबंध लगा दिये हैं. इस प्रतिबंध के बाद ईरान पूरी तरह से बौखला गया है.

Updated on: 18 Apr 2024, 09:09 PM

नई दिल्ली:

जराइल को लेकर ईरान का तेवर काफी मंहगा पड़ गया है. ब्रिटेन और अमेरिका ने गुरुवार को ईरान गंभीर प्रतिबंध लगाए दिए हैं. अमेरिकी ट्रेजरी विभाग के विदेशी संपत्ति नियंत्रण कार्यालय ने ईरान में 16 लोगों और दो संस्थानों  को टारगेट पर लिया है. ये कंपनियां 13 अप्रैल को इजराइल पर हुए हमले में इस्तेमाल किए गए ड्रोन के इंजन निर्माण करती हैं. अमेरिका ने स्टील उत्पादन में शामिल पांच कंपनियों और ईरानी वाहन निर्माता बहमन ग्रुप की तीन सहायक कंपनियों पर भी प्रतिबंध को मंजूरी दे दी है. जिन पर ईरान की सेना और अन्य ग्रुप्स को सामग्री सहायता प्रदान करने का आरोप है.

जो बाइडेन ने दिए सख्त निर्देश

बहमन कंपनी की ओर से कोई जवाब नहीं आया है. वहीं, ब्रिटेन ईरान के ड्रोन और बैलिस्टिक मिसाइल उद्योगों में शामिल कई ईरानी सैन्य संगठनों, व्यक्तियों और संस्थानों को भी रडार पर ले रहा है. दूसरी ओर, अमेरिकी राष्ट्रपति जो बाइडेन ने कहा कि अमेरिकी वित्त विभाग को ऐसे प्रतिबंध लगाने का निर्देश दिया गया है जो ईरान के सैन्य उद्योगों को और कमजोर करेंगे. उन्होंने आगे कहा कि यह स्पष्ट होना चाहिए कि हमलों को सक्षम या समर्थन करने वालों के खिलाफ निश्चित रूप से कार्रवाई की जाएगी.

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लगातार अमेरिका लगा रहा है प्रतिबंध

अमेरिका रुकने का नाम नहीं ले रहा है. अमेरिकी ट्रेजरी विभाग के प्रतिबंधों के अलावा, अमेरिकी वाणिज्य विभाग बुनियादी वाणिज्यिक ग्रेड माइक्रोइलेक्ट्रॉनिक्स सामानों तक ईरान की पहुंच को प्रतिबंधित करने के लिए कंट्रोल लगा रहा है. आपको बता दें कि ये बैन अमेरिका के बाहर बनने वाले सामानों के लागू होते हैं, जो अमेरिकी तकनीक का उपयोग करके निर्माण किए जाते हैं.