News Nation Logo

बड़ी संख्या में भारतीयों का मानना है कि अग्निपथ के खिलाफ विरोध धीरे-धीरे खत्म हो जाएगा- सर्वे

बड़ी संख्या में भारतीयों का मानना है कि अग्निपथ के खिलाफ विरोध धीरे-धीरे खत्म हो जाएगा- सर्वे

IANS | Edited By : IANS | Updated on: 22 Jun 2022, 04:15:01 PM
Protet againt

(source : IANS) (Photo Credit: (source : IANS))

नई दिल्ली:   नरेंद्र मोदी सरकार द्वारा घोषित अग्निपथ योजना के खिलाफ हिंसक विरोध समय के साथ कम होता दिख रहा है। केंद्र सरकार भारतीय सशस्त्र बलों में चार साल की नौकरी की पेशकश करने वाली भर्ती योजना के लाभों के बारे में उम्मीदवारों को समझाने की कोशिश कर रही है।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मंगलवार को तीनों सेनाओं के प्रमुखों से मुलाकात की और अग्निपथ योजना को लागू करने की उनकी योजना के बारे में जानकारी ली। केंद्र सरकार ने 14 जून को भारतीय सेना, नौसेना और वायु सेना में युवाओं की भर्ती के लिए योजना की घोषणा की।

हालांकि, इस योजना के खिलाफ विभिन्न राज्यों में हिंसक विरोध प्रदर्शन हुए। सत्तारूढ़ भाजपा और विपक्ष ने एक-दूसरे पर आरोप-प्रत्यारोप लगाए, क्योंकि देश में कई राज्यों के प्रदर्शनकारियोंद्वारा हिंसा और आगजनी के भयावह ²श्य देखे गए।

जबकि विपक्ष ने भाजपा सरकार पर बिना किसी वित्तीय और सामाजिक सुरक्षा के युवाओं को नौकरी की योजना देने का आरोप लगाया। भाजपा ने इस योजना के खिलाफ युवाओं को भड़काने के लिए विपक्ष पर हमला बोला।

विपक्ष के विरोध और आरोपों से बेपरवाह सरकार ने अग्निपथ योजना को लागू करने और भर्ती शुरू करने का फैसला किया है।

सीवोटर आईएएनएस ट्रैकर ने अग्निपथ योजना की घोषणा के बाद भड़के विरोध के बारे में लोगों के विचार जानने के लिए एक देशव्यापी सर्वे किया। सर्वे के दौरान, जहां 60 प्रतिशत उत्तरदाताओं ने कहा कि सैन्य भर्ती योजना के खिलाफ विरोध धीरे-धीरे समाप्त हो जाएगा, वहीं 40 प्रतिशत उत्तरदाताओं ने कहा कि आने वाले दिनों में इस योजना के खिलाफ आंदोलन तेज होगा।

दिलचस्प बात यह है कि सर्वे के दौरान, जबकि एनडीए के अधिकांश मतदाताओं- 74 प्रतिशत ने कहा कि निकट भविष्य में प्रदर्शन समाप्त हो जाएंगे, वही विपक्षी समर्थक इस मुद्दे पर विभाजित थे। विपक्षी मतदाताओं में जहां 51 फीसदी का मानना है कि विरोध तेज होगा, वहीं 49 फीसदी का मानना है कि योजना के खिलाफ आंदोलन धीरे-धीरे खत्म होगा।

सर्वे से यह भी पता चला कि अधिकांश शहरी और ग्रामीण मतदाताओं का एक बड़ा हिस्सा सोचता है कि नौकरी योजना के खिलाफ विरोध समय के साथ समाप्त हो जाएगा। सर्वे के आंकड़ों के अनुसार 64 फीसदी शहरी मतदाताओं और 58 फीसदी ग्रामीण मतदाताओं ने कहा कि योजना के खिलाफ आंदोलन धीरे-धीरे खत्म हो जाएगा।

सर्वे के दौरान, जबकि वृद्ध आयु समूहों के अधिकांश उत्तरदाताओं का मानना है कि विरोध धीरे-धीरे समाप्त हो जाएगा, इस मुद्दे पर युवा अपनी राय में विभाजित दिखाई दिए। सर्वे के आंकड़ों के अनुसार, 55 वर्ष से अधिक आयु के 71 प्रतिशत उत्तरदाताओं और 45-54 वर्ष आयु वर्ग के 66 प्रतिशत लोगों ने कहा कि विरोध धीरे-धीरे समाप्त हो जाएगा। साथ ही, 18-24 साल के बीच के 55 प्रतिशत उत्तरदाताओं का मानना है कि आंदोलन धीरे-धीरे समाप्त हो जाएगा, इस आयु वर्ग के 45 प्रतिशत उत्तरदाताओं ने राय नहीं दी।

डिस्क्लेमरः यह आईएएनएस न्यूज फीड से सीधे पब्लिश हुई खबर है. इसके साथ न्यूज नेशन टीम ने किसी तरह की कोई एडिटिंग नहीं की है. ऐसे में संबंधित खबर को लेकर कोई भी जिम्मेदारी न्यूज एजेंसी की ही होगी.

First Published : 22 Jun 2022, 04:15:01 PM

For all the Latest India News, Download News Nation Android and iOS Mobile Apps.