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श्यामा प्रसाद मुखर्जी के नाम से जाना जाएगा कोलकाता बंदरगाह न्यास का नाम, पीएम मोदी ने किया ऐलान

पीएम मोदी ने कहा, 'बंगाल के सपूत, डॉक्टर मुखर्जी ने देश में औद्योगीकरण की नींव रखी थी. चितरंजन लोकोमोटिव फैक्ट्री, हिन्दुस्तान एयरक्राफ्ट फैक्ट्री, सिंदरी फर्टिलाइज़र कारखाना और दामोदर वैली कॉर्पोरेशन, ऐसे अनेक बड़ी परियोजनाओं के विकास में डॉक्टर मुख

News Nation Bureau | Edited By : Aditi Sharma | Updated on: 12 Jan 2020, 02:18:27 PM
पीएम मोदी

पीएम मोदी (Photo Credit: फोटो- ANI)

नई दिल्ली:

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पश्चिम बंगाल के दो दिवसीय दौरे पर हैं. इस दौरान उन्होंने रविवार को कोलकाता पोर्ट ट्रस्ट के 150 साल पूरे होने पर पीएम मोदी ने पट्टिका का अनावरण किया. इसी कार्यक्रम के दौरान पीएम ने 105 साल की पोर्ट की कर्मचारी नगीना भगत को सम्मानित किया और उनके पैर छुए. इस मौके पर पीएम मोदी ने स्मारक डाक टिकट भी जारी किया. साथ ही उन्होंने ट्रस्ट के कर्मचारियों के फंड के लिए 501 करोड़ रुपये का चेक भी दिया. कोलकाता पोर्ट ट्रस्ट के 150 साल पूरे होने पर आयोजित कार्यक्रम को संबोधित करते हुए पीएम मोदी ने कहा, 'मां गंगा के सानिध्य में, गंगासागर के निकट, देश की जलशक्ति के इस ऐतिहासिक प्रतीक पर, इस समारोह का हिस्सा बनना सौभाग्य की बात है.'

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि कोलकाता बंदरगाह न्यास का नाम श्यामा प्रसाद मुखर्जी के नाम पर रखा जाएगा. पीएम मोदी ने कहा, 'बंगाल के सपूत, डॉक्टर मुखर्जी ने देश में औद्योगीकरण की नींव रखी थी. चितरंजन लोकोमोटिव फैक्ट्री, हिन्दुस्तान एयरक्राफ्ट फैक्ट्री, सिंदरी फर्टिलाइज़र कारखाना और दामोदर वैली कॉर्पोरेशन, ऐसे अनेक बड़ी परियोजनाओं के विकास में डॉक्टर मुखर्जी का बहुत योगदान रहा है. पीएम ने कहा, 'आज के इस अवसर पर, मैं बाबा साहेब आंबेडकर को भी याद करता हूं, उन्हें नमन करता हूं. डॉक्टर मुखर्जी और बाबा साहेब, दोनों ने स्वतंत्रता के बाद के भारत के लिए नई नीतियां दी थीं, नया विजन दिया था.' लेकिन ये देश का दुर्भाग्य रहा कि डॉक्टर मुखर्जी और बाबा साहेब के सरकार से हटने के बाद, उनके सुझावों पर वैसा अमल नहीं किया गया, जैसा किया जाना चाहिए था.

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मोदी ने कहा, 'गुजरात के लोथल पोर्ट से लेकर कोलकाता पोर्ट तक देखें, तो भारत की लंबी कोस्ट लाइन से पूरी दुनिया में व्यापार-कारोबार होता था और सभ्यता, संस्कृति का प्रसार भी होता था.' देश के तट विकास के प्रवेश द्वार हैं और हमारी सरकार ने संपर्क में सुधार करने के लिए सागरमाला कार्यक्रम की शुरुआत की. जलमार्गों के विकास ने कोलकाता बंदरगाह न्यास और पूर्वी भारत के औद्योगिक केन्द्रों के बीच संपर्क में सुधार किया है. साथ ही हमारे पड़ोसी देशों के साथ व्यापार को सुगम बनाया है.

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पीएम मोदी ने कहा, पश्चिम बंगाल के विकास के लिए केंद्र हर संभव प्रयास कर रहा है. जैसे ही पश्चिम बंगाल सरकार केन्द्र की आयुष्मान भारत योजना और प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि को मंजूरी देगी वैसे ही यहां की जनता को इन योजनाओं का लाभ मिलना शुरू हो जाएगा. पीएम मोदी ने कहा, कोलकाता पोर्ट के विस्तार और आधुनिकीकरण के लिए आज सैकड़ों करोड़ रुपए के इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट्स का लोकार्पण और शिलान्यास भी किया गया है. आदिवासी बेटियों की शिक्षा और कौशल विकास के लिए हॉस्टल और स्किल डेवलपमेंट सेंटर का शिलान्यास हुआ है. पीएम मोदी ने कहा, इस पोर्ट ने भारत को विदेशी राज से स्वराज पाते देखा है. सत्याग्रह से लेकर स्वच्छाग्रह तक इस पोर्ट ने देश को बदलते हुए देखा है. ये पोर्ट सिर्फ मालवाहकों का ही स्थान नहीं रहा, बल्कि देश और दुनिया पर छाप छोड़ने वाले ज्ञानवाहकों के चरण भी यहां पड़े हैं.

First Published : 12 Jan 2020, 01:48:31 PM

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