News Nation Logo
ओवैसी की पार्टी AIMIM ने अखिलेश यादव पर मुस्लिमों की अनदेखी का लगाया ये आरोपRead More » उत्तर प्रदेश : आज तीन बड़े मामले ज्ञानवापी, श्रीकृष्ण जन्मभूमि मथुरा और ताजमहल पर सुनवाई प्रधानमंत्री आवास पर कैबिनेट और CCEA की बैठक, कुछ MoU समेत अहम मुद्दों पर हो सकता है फैसला कपिल सिब्बल सपा कार्यालय में अखिलेश यादव के साथ मौजूद, बनेंगे राज्यसभा उम्मीदवार राज्यसभा के लिए कपिल सिब्बल, डिंपल यादव और जावेद अली होंगे समाजवादी पार्टी के उम्मीदवार- सूत्र पंजाब : ग्रुप सी और डी के पदों के लिए पंजाबी योग्यता टेस्ट कंपलसरी, भगवंत मान सरकार का फैसला मथुरा : जिला अदालत में श्रीकृष्ण जन्मभूमि मामले में 31 मई को होगी अगली सुनवाई मुंबई : मोटरसाइकिल पर दोनों सवारों को हेलमेट पहनना अनिवार्य होगा, 15 दिनों में नियम पर अमल यासीन मलिक की सजा पर बहस पूरी- ऑर्डर रिजर्व, दोपहर बाद विशेष NIA कोर्ट सुनाएगी सजा ज्ञानवापी हिंदुओं को सौंपने-पूजा की मांग वाला नया मामला सिविल जज फास्ट ट्रैक कोर्ट में स्थानांतरित अयोध्या : 1 जून को श्रीराम जन्मभूमि मंदिर के गर्भगृह का शिला पूजन होगा, सीएम योगी होंगे शामिल उत्तराखंड : मौसम सामान्य होने के बाद आज दोबारा सुचारू रूप से शुरू हुई चारधाम यात्रा औरंगजेब की कब्र के बाद अब सतारा में मौजूद अफजल खान के कब्र पर बढ़ाई गई सुरक्षा
Banner

भारत-रूस बातचीत में उठा तालिबान मसला, शाम को मोदी-पुतिन वार्ता

कोविड-19 महामारी के कारण दो साल के अंतराल के बाद वार्षिक शिखर सम्मेलन हो रहा है. हम शिखर सम्मेलन से कुछ महत्वपूर्ण परिणामों की उम्मीद कर रहे हैं.

News Nation Bureau | Edited By : Nihar Saxena | Updated on: 06 Dec 2021, 02:05:33 PM
India Russia

भारत-रूस रच रहे द्विपक्षीय संबंधों का इतिहास. (Photo Credit: न्यूज नेशन)

नई दिल्ली:  

भारत और रूस के शीर्ष अधिकारियों ने सोमवार को यहां अपनी बैठकों के दौरान तालिबान के अधिग्रहण के बाद अफगानिस्तान की स्थिति सहित प्रमुख द्विपक्षीय, क्षेत्रीय और अंतरराष्ट्रीय मुद्दों पर चर्चा की. विदेश मंत्री एस जयशंकर और रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने क्रमश: अपने रूसी समकक्ष सर्गेई लावरोव और जनरल सर्गेई शोइगु से मुलाकात की. लावरोव के साथ द्विपक्षीय वार्ता के दौरान, जयशंकर ने कहा, 'भारत-रूस साझेदारी अद्वितीय है. हम बहुत जागरूक हैं कि तेजी से भू-राजनीतिक परिवर्तन की दुनिया में, यह वास्तव में उल्लेखनीय रूप से स्थिर और मजबूत रही है.'

बैठक में अपने उद्घाटन भाषण में, उन्होंने कहा, 'मैं इस अवसर को रेखांकित करना चाहता हूं कि हम अपने द्विपक्षीय संबंधों और हमारे सहयोग की स्थिति से बहुत संतुष्ट हैं.' जयशंकर ने यह भी कहा कि वार्षिक भारत-रूस शिखर सम्मेलन एक अनूठी घटना है, यह कहते हुए कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन महान विश्वास और विश्वास का रिश्ता साझा करते हैं.

विदेश मंत्री ने कहा, 'कोविड-19 महामारी के कारण दो साल के अंतराल के बाद वार्षिक शिखर सम्मेलन हो रहा है. हम शिखर सम्मेलन से कुछ महत्वपूर्ण परिणामों की उम्मीद कर रहे हैं.' राजनाथ सिंह और जनरल शोइगु के बीच बैठक के दौरान उन्होंने रक्षा समझौतों पर हस्ताक्षर किए. राजनाथ ने कहा, 'रक्षा सहयोग हमारी साझेदारी के सबसे महत्वपूर्ण स्तंभों में से एक है. मुझे उम्मीद है कि भारत-रूस साझेदारी पूरे क्षेत्र में शांति लाएगी और क्षेत्र को स्थिरता प्रदान करेगी.'

उन्होंने यह भी कहा कि आज की उभरती भू-राजनीतिक परिस्थितियों के बीच वार्षिक भारत-रूस शिखर सम्मेलन एक बार फिर दोनों देशों के बीच विशेष रणनीतिक साझेदारी के महत्वपूर्ण महत्व की पुष्टि करेगा. 'भारत और रूस के संबंध बहुपक्षवाद, वैश्विक शांति, समृद्धि और आपसी समझ और विश्वास में समान रुचि के आधार पर समय की कसौटी पर खरे उतरे हैं.' विदेश मंत्रालय के मुताबिक मोदी और पुतिन शिखर वार्ता की शुरुआत शाम 5.30 बजे करेंगे.

First Published : 06 Dec 2021, 02:05:33 PM

For all the Latest India News, Download News Nation Android and iOS Mobile Apps.