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निर्मला सीतारमण।( Photo Credit : ANI)
पीएम नरेंद्र मोदी ने मंगलवार को राष्ट्र के नाम संबोधन के दौरान 20 लाख करोड़ रुपये के राहत पैकेज की घोषणा की थी. वित्तमंत्री निर्मलासीतारमण ने बुधवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस कर बताया कि इस आर्थिक पैकेज का फायदा देश के किस-किस वर्ग के लोगों को मिला है. वित्त मंत्री ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में यह भी बताया कि मार्च 2021 तक TDS और TCS को 25 फीसदी घटाया गया. इससे 50 हजार करोड़ रुपये की अतिरिक्त नगदी उपलब्ध होगी.
ईपीएफ में कंपनियों को महज 10 फीसदी ही देना होगा
इसके अलावा केंद्रीय वित्तमंत्री निर्मला सीतारमण ने ऐलान किया है कि अगले तीन महीने तक कंपनियों को ईपीएफ में अब सिर्फ 10 प्रतिशत देना पड़ेगा. 72 लाख 42 लाख कर्मचारियों को इसका फायदा होगा. साथ ही 15 हजार से कम सैलरी वाले कर्मचारियों की सैलरी से कटने वाले 12 प्रतिशत ईपीएफ की जगह भी अब 10 प्रतिशत ही ईपीएफ काटा जाएगा. इन दोनों कर्मचारियों की सैलेरी का 24 प्रतिशत (कर्मचारियों और एम्प्लॉयर का हिस्सा) पीएफ सरकार जमा करेगी.
कुटीर उद्योग और घरेलू उद्योग भारतीय अर्थव्यवस्था की रीढ़
वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने कहा कि हमारे पास जो गरीबों, जरूरतमंदों, प्रवासियों, दिव्यांगों और देश के वृद्धों के प्रति जो जिम्मेदारी है उसे हम नहीं भूलेंगे. उन्होंने घोषणा की कि मध्यम, सूक्ष्म, लघु उद्योग, कुटीर उद्योग और घरेलू उद्योग भारतीय अर्थव्यवस्था की रीढ़ हैं. इन MSME's को 3 लाख करोड़ रुपए का कोलेट्रल फ्री ऑटोमैटिक लोन दिया जाएगा. इसमें आपको किसी भी तरह की गारंटी और कोई कोलेट्रल देने की जरूरत नहीं है. इसकी समय सीमा 4 वर्ष होगी और पहले 1 साल मूलधन नहीं चुकाना होगा.
Source : News Nation Bureau
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