ट्रंप के पास ईरान पर हमला करने के अलावा कोई विकल्प नहीं बचा था : व्हाइट हाउस

ट्रंप के पास ईरान पर हमला करने के अलावा कोई विकल्प नहीं बचा था : व्हाइट हाउस

ट्रंप के पास ईरान पर हमला करने के अलावा कोई विकल्प नहीं बचा था : व्हाइट हाउस

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IANS
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Trump decided to strike Iran as he was left with no choice: White House

(source : IANS) ( Photo Credit : IANS)

वॉशिंगटन, 1 मार्च (आईएएनएस)। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप द्वारा ईरान पर घातक हमला करने के फैसले का व्हाइट हाउस ने बचाव किया। इस हमले में ईरान के सर्वोच्च नेता के मारे जाने का दावा किया जा रहा है। वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारियों ने कहा कि मिसाइल खतरों और परमाणु गतिविधियों से संबंधित खुफिया जानकारी ने अमेरिका के पास कोई विकल्प नहीं छोड़ा था।

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एक वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारी ने ऑपरेशन एपिक फ्यूरी को जवाबी कार्रवाई नहीं बल्कि पूर्व-नियोजित और रक्षात्मक कार्रवाई बताते हुए कहा कि राष्ट्रपति ने फैसला किया कि वह चुपचाप बैठकर क्षेत्र में अमेरिकी सेनाओं को पारंपरिक मिसाइलों के हमलों का सामना नहीं करने देंगे।

नाम न छापने की शर्त पर बोलते हुए, अधिकारियों ने बताया कि तात्कालिक चिंता दक्षिणी क्षेत्र में ईरान की पारंपरिक मिसाइल क्षमता और परमाणु हथियार हासिल करने की उसकी काफी पुरानी इच्छा थी। एक अधिकारी के अनुसार, खुफिया जानकारी से संकेत मिला है कि ईरान उन मिसाइलों का इस्तेमाल संभावित रूप से पूर्वव्यापी तरीके से कर सकता है। अधिकारी ने कहा कि पहले हमले का इंतजार करने से हताहतों और नुकसान की संख्या काफी अधिक हो सकती थी। एक अन्य वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारी ने कहा कि हम उनके हाथों बंधक नहीं बनेंगे और न ही उन्हें हम पर पहले हमला करने देंगे।

अधिकारियों ने ईरान पर जवाबी कार्रवाई में नागरिक बुनियादी ढांचे पर हमला करने का आरोप लगाया। एक अधिकारी ने कहा कि उन्होंने अब सैन्य स्थलों से असंबंधित कई नागरिक स्थलों पर हमले किए हैं। उन्होंने एक होटल पर हमला किया है, उन्होंने कुवैत में हवाई अड्डे पर हमला किया है, उन्होंने अबू धाबी में होटलों पर हमला किया है।

प्रशासन ने कहा कि ये हमले ईरान पर ऑपरेशन मिडनाइट हैमर में क्षतिग्रस्त परमाणु फेसेलिटी को फिर से बनाने से भी प्रेरित थे। अधिकारियों ने खुफिया सूचनाओं के हवाले से बताया कि तेहरान न केवल अपने संवर्धन और कन्वर्जन सेंटर्स का पुनर्निर्माण कर रहा है, बल्कि अपनी सेंट्रीफ्यूज निर्माण क्षमता में भी निरंतर विस्तार कर रहा है।

अधिकारियों ने कहा कि राष्ट्रपति ट्रंप एक ऐसे समझौते की तलाश में थे जिसे अधिकारियों ने वास्तविक समझौता बताया। यह समझौता यह सुनिश्चित करता कि ईरान कभी भी परमाणु हथियार रखने में सक्षम न हो।

आईएएनएस

एसडी/एएस

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