आर्टेमिस 2 संग चांद पर भेजना है अपने वेलेंटाइन का नाम? नासा के इन नियमों को करें फॉलो

आर्टेमिस 2 संग चांद पर भेजना है अपने वेलेंटाइन का नाम? नासा के इन नियमों को करें फॉलो

आर्टेमिस 2 संग चांद पर भेजना है अपने वेलेंटाइन का नाम? नासा के इन नियमों को करें फॉलो

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IANS
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आर्टेमिस II संग चांद पर भेजना है अपने वेलेंटाइन का नाम? नासा के इन नियमों को करें फॉलो

(source : IANS) ( Photo Credit : IANS)

नई दिल्ली, 14 फरवरी (आईएएनएस)। चांद पर आमजन का जाना मुश्किल है मगर क्या आप जानते हैं कि आपका या आपके प्रियजन का नाम चांद पर आसानी से पहुंच सकता है। वेलेंटाइन डे पर नासा ने सरप्राइज देते हुए इस नाम को चंद्रमा की परिक्रमा पर भेजने का मौका दिया है।

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नासा ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर पोस्ट करते हुए लिखा, वेलेंटाइन डे पर क्या आपको अपने प्रियजन को खुश करने के लिए एक्स्ट्रा सरप्राइज चाहिए? तो उनके नाम को चांद की यात्रा पर भेजें! आप जिससे भी प्यार करते हैं, आर्टेमिस II मिशन में उनका स्वागत है।

नासा ने लोगों को आमंत्रित किया है कि वे अपने या प्रियजनों के नाम फ्री में सबमिट करें। ये नाम एक एसडी कार्ड पर डाले जाएंगे, जो साल 2026 में ओरियन स्पेसक्राफ्ट के साथ उड़ेगा। नाम की डिटेल्स सबमिट करने पर आपको एक खास डिजिटल बोर्डिंग पास मिलेगा, जिसे प्रिंट करके वैलेंटाइन गिफ्ट के रूप में दे सकते हैं, जैसे कोई स्पेशल स्पेस टिकट।

नासा ने बताया कि नाम को सबमिट कैसे करें? फॉर्म को ऑफिशियल वेबसाइट पर शेयर करते हुए नासा ने बताया कि वेबसाइट पर जाएं, वहां, सेंड योर नेम विद आर्टिमिस पर क्लिक करें। इसके बाद अपना नाम, सरनेम और 4 से 7 अंकों का पिन डालें। इसके बाद सबमिट करें और बोर्डिंग पास डाउनलोड करें। यह पूरी तरह फ्री है और दुनिया भर के लोग शामिल हो सकते हैं। लाखों नाम पहले ही रजिस्टर हो चुके हैं।

यह नासा के आर्टेमिस कार्यक्रम का हिस्सा है। आर्टेमिस II 50 से ज्यादा सालों में पहला मानवयुक्त चंद्र मिशन होगा, जिसमें चार एस्ट्रोनॉट चंद्रमा के चारों ओर घूमेंगे और वापस आएंगे। क्रू में नासा के कमांडर रीड वाइसमैन, पायलट विक्टर ग्लोवर, मिशन स्पेशलिस्ट क्रिस्टीना कोच और कैनेडियन स्पेस एजेंसी के जेरेमी हैनसेन शामिल हैं। वे एसएलएस रॉकेट और ओरियन स्पेसक्राफ्ट में सवार होंगे। यह मिशन लगभग 10 दिन चलेगा और चंद्रमा के पीछे से गुजरकर गहरे अंतरिक्ष में सबसे दूर तक जाएगा, जो अपोलो मिशनों के बाद पहली बार है। इसका मुख्य उद्देश्य चंद्रमा की सतह पर भविष्य में मानव लैंडिंग और मंगल मिशन की तैयारी करना है।

नासा ने मिशन के बारे में अपडेट देते हुए बताया, मिशन की तैयारी जारी है। 12 फरवरी को हुए कॉन्फिडेंस टेस्ट में कुछ तकनीकी दिक्कत आई थी, जैसे लिक्विड हाइड्रोजन फ्लो कम होना और ग्राउंड इक्विपमेंट में समस्या। टीम डेटा की जांच कर रही है, फिल्टर बदल रही है और इस महीने दूसरा वेट ड्रेस रिहर्सल करेगी। मार्च 2026 लॉन्च हो सकता है।

--आईएएनएस

एमटी/एएस

डिस्क्लेमरः यह आईएएनएस न्यूज फीड से सीधे पब्लिश हुई खबर है. इसके साथ न्यूज नेशन टीम ने किसी तरह की कोई एडिटिंग नहीं की है. ऐसे में संबंधित खबर को लेकर कोई भी जिम्मेदारी न्यूज एजेंसी की ही होगी.

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