मजबूत जीडीपी के पीछे अगली पीढ़ी के सुधार और व्यापक आर्थिक स्थिरता: संजीव सान्याल

मजबूत जीडीपी के पीछे अगली पीढ़ी के सुधार और व्यापक आर्थिक स्थिरता: संजीव सान्याल

मजबूत जीडीपी के पीछे अगली पीढ़ी के सुधार और व्यापक आर्थिक स्थिरता: संजीव सान्याल

author-image
IANS
New Update
Next-gen reforms, macroeconomic stability behind robust GDP growth: Sanjeev Sanyal

(source : IANS) ( Photo Credit : IANS)

नई दिल्ली, 29 नवंबर (आईएएनएस)। भारत ने वित्त वर्ष 2026 की दूसरी तिमाही में उल्लेखनीय जीडीपी वृद्धि दर्ज की है। प्रधानमंत्री की आर्थिक सलाहकार परिषद (ईएसी) के सदस्य संजीव सान्याल ने शनिवार को कहा कि मजबूत आर्थिक प्रदर्शन के पीछे मुख्य प्रेरक शक्ति निरंतर आपूर्ति पक्ष सुधार और व्यापक आर्थिक स्थिरता है।

Advertisment

भारत की वास्तविक जीडीपी वित्त वर्ष 2025-26 की दूसरी तिमाही में 8.2 प्रतिशत की दर से बढ़ने का अनुमान है, जबकि वित्त वर्ष 2024-25 की दूसरी तिमाही में यह 5.6 प्रतिशत थी।

सान्याल ने समाचार एजेंसी आईएएनएस से बातचीत करते हुए कहा कि जीडीपी में सुधार के पीछे मुख्य कारण आपूर्ति पक्ष का कुशल प्रबंधन, यानी निरंतर आपूर्ति-पक्ष सुधार, व्यापक आर्थिक स्थिरता है।

उन्होंने कहा कि अर्थव्यवस्था में सुधार को देखते हुए हमें अगली पीढ़ी के सुधारों को जारी रखना चाहिए। जैसा कि मैंने उल्लेख किया है, हमने हाल ही में जीएसटी स्लैब के सरलीकरण जैसे और सुधार लागू किए हैं।

सान्याल ने आगे कहा कि इस वित्त वर्ष की दूसरी तिमाही में दर्ज की गई 8.2 प्रतिशत की वृद्धि दर वास्तव में बहुत मजबूत है, यहां तक कि मेरी अपेक्षाओं से भी कुछ अधिक है। खास बात यह है कि यह वृद्धि अर्थव्यवस्था को ज्यादा प्रभावित किए बिना हासिल की गई है।

उन्होंने कहा कि अर्थव्यवस्था का प्रत्येक क्षेत्र देश के विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है। प्राथमिक क्षेत्र ने वित्त वर्ष 2025-26 की दूसरी तिमाही में साल-दर-साल 3.1 प्रतिशत की वास्तविक जीवीए वृद्धि दर दर्ज की। इसी प्रकार द्वितीयक (8.1 प्रतिशत) और तृतीयक क्षेत्र (9.2 प्रतिशत) ने वित्त वर्ष 2025-26 की दूसरी तिमाही में वास्तविक जीडीपी वृद्धि दर को बढ़ावा दिया है।

अमेरिकी टैरिफ को लेकर उन्होंने कहा कि भारत पर इसका प्रभाव सीमित है। उन्होंने कहा कि भारत पर इसका ज्यादा असर नहीं हुआ है क्योंकि पिछले एक दशक से हम सुधारों को लागू करते आ रहे हैं, और अब भी हम चुनौतियों का सक्रियता से प्रबंधन कर रहे हैं।

उन्होंने कहा कि जब भी कोई बाधा आती है, हम उसका समाधान ढूंढ लेते हैं। इस लचीले नीति-निर्माण दृष्टिकोण ने हमें आगे बढ़ते रहने में मदद की है।

--आईएएनएस

एमएस/डीकेपी

डिस्क्लेमरः यह आईएएनएस न्यूज फीड से सीधे पब्लिश हुई खबर है. इसके साथ न्यूज नेशन टीम ने किसी तरह की कोई एडिटिंग नहीं की है. ऐसे में संबंधित खबर को लेकर कोई भी जिम्मेदारी न्यूज एजेंसी की ही होगी.

Advertisment