News Nation Logo

वैज्ञानिकों का दावा, देश के इन 5 करोड़ लोगों को है कोरोना का खतरा; कहीं आप भी लिस्ट में तो नहीं?

अभी भी देश की लगभग 5 करोड़ आबादी के पास ठीक से हाथ धोने की व्यवस्था नहीं है. इस वजह से देश की आबादी का ये हिस्सा अभी भी कोरोना वायरस का बड़ा वाहक बना हुआ है.

News Nation Bureau | Edited By : Ravindra Singh | Updated on: 22 May 2020, 04:06:21 PM
COVID-19

कोविड-19 (Photo Credit: फाइल )

नई दिल्ली:

पिछले कई सालों से भारत में सेनिटेशन अभियान चलाया जा रहा है. इसके बावजूद अभी भी देश में स्वच्छता मिशन अभी भी पूरी तरह से लागू नहीं हो पाया है. अभी भी देश की लगभग 5 करोड़ आबादी के पास ठीक से हाथ धोने की व्यवस्था नहीं है. इस वजह से देश की आबादी का ये हिस्सा अभी भी कोरोनावायरस (Corona Virus) का बड़ा वाहक बना हुआ है. आपको बता दें कि 5 करोड़ की संख्या बहुत अधिक होती है अगर सरकार ने इन लोगों की व्यवस्था ठीक नहीं की तो तो शायद देश में कोरोना फैलने की रफ्तार और भी तेज हो सकती है. हालांकि सरकार ने लॉकडाउन (Lock Down) कर काफी हद तक कोविड -19 (COVID-19) के संक्रमण को नियंत्रित किया. 

अमेरिका में वाशिंगटन विश्वविद्यालय में इंस्टीट्यूट ऑफ हेल्थ मैट्रिक्स ऐंड इवेल्यूएशन (आईएचएमई) के शोधकर्ताओं ने कहा कि निचले एवं मध्यम आय वाले देशों के दो अरब से अधिक लोगों में साबुन और साफ पानी की उपलब्धता नहीं है, जिसकी वजह से अमीर देशों के लोगों की तुलना में संक्रमण फैलने का खतरा यहां पर ज्यादा है. आपको बता दें कि यह आबादी दुनिया की आबादी का एक चौथाई हिस्सा है.

यह भी पढ़ें-रियल स्टेट कंपनी इंडियाबुल्स ग्रुप ने अपने 2,000 कर्मचारियों से इस्तीफा देने को कहा

जनरल एनवायरमेंटल हेल्थ पर्सपेक्टिव्ज में प्रकाशित एक शोध के मुताबिक उप सहारा अफ्रीका और ओसियाना के 50 प्रतिशत आबादी से भी ज्यादा लोगों के पास हाथ धोने के लिए बेहतर सुविधा नहीं उपब्ध है. IHME के प्रोफेसर माइकल ब्राउऐर ने ने मीडिया से बातचीत में बताया कि, कोरोना वायरस के संक्रमण को रोकने के महत्वपूर्ण उपायों में हाथ धोना एक बहुत ही महत्वपूर्ण उपाय है. लेकिन यहां यह बहुत ही निराशाजनक बात है कि कई देशों में यह उपलब्ध नहीं है. उन देशों में स्वास्थ्य देखभाल सुविधा भी सीमित है.

यह भी पढ़ें-यहां जानें सती प्रथा के खिलाफ आवाज बुलंद करने वाले राजा राम मोहन राय के बारे में सबकुछ

आपको बता दें कि इस शोध में यह भी पता चला कि 46 देशों में आधे से अधिक आबादी के पास हाथ धोने के लिए उचित व्यवस्था नहीं है ऐसे देशों में साबुन और साफ पानी की उपलब्धता नहीं है. इस शोध के मुताबिक, इस लिस्ट में भारत भी शामिल है इसके अलावा इस लिस्ट में चीन, बांग्लादेश, पाकिस्तान, नाइजीरिया, इथियोपिया, कांगो और इंडोनेशिया में से प्रत्येक में पांच करोड़ से अधिक लोगों के पास भी हाथ धोने की सुविधा नहीं है.

For all the Latest Health News, Download News Nation Android and iOS Mobile Apps.

First Published : 22 May 2020, 03:40:01 PM