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असम में मुस्लिम रैली का वीडियो वायरल, पांच साल पुराना सच आया सामने

सोशल मीडिया पर दो मिनट का एक वीडियो तेजी से वायरल हो रहा है. इसमें कुछ मुस्लिम एक रैली निकाले रहे हैं.

News Nation Bureau | Edited By : Mohit Saxena | Updated on: 09 May 2022, 01:36:30 PM
police

असम में मुस्लिम रैली का वीडियो वायरल (Photo Credit: social media)

नई दिल्ली:  

सोशल मीडिया (Social Media) पर दो मिनट का एक वीडियो तेजी से वायरल हो रहा है. इसमें कुछ मुस्लिम एक रैली निकाले रहे हैं. जिसके बाद पुलिस और सुरक्षा बलों के जवानों को उन पर लाठीचार्ज करना पड़ा. यूजर्स वीडियो को शेयर कर दावा कर रहे हैं कि असम के मुसलमानों ने अलग देश की मांग करते हुए जुलूस निकाला. इसके बाद पुलिस ने उन पर लाठीचार्ज कर दिया. हालांकि पड़ताल में दावे को भ्रामक पाया. दरअसल, वायरल वीडियो जुलाई 2017 का है. प्रदर्शकारी अलग देश नहीं, बल्कि 'डी वोटर'के विरोध में प्रदर्शन कर रहे थे. वायरल वीडियो की पड़ताल को लेकर सबसे पहले  गूगल के InVID टूल से कीफ्रेम निकालकर उसे गूगल रिवर्स इमेज से सर्च किया.   

इस वीडियो को फेसबुक पेज पर तीन जुलाई 2017 को पोस्ट किया गया था. इस मतलब है कि यह वीडियो हाल-फिलहाल का नहीं है. इसमें लिखा है, असम और बंगाल में रिफ्यूजी मुसलमान को आजादी चाहिए थीं. इसके बाद हमारे जवानों ने उनकी कैसे कुटाई की देखो.

इसके बारे में और जांचने के बाद 2 जुलाई 2017 को वायरल वीडियो की एक तस्वीर देखी गई. मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, मामला असम के गोलपारा जिले के खरबोजा गांव का है. यह मामला प्रदय गांव का हैं. वहां प्रदर्शनकारी डी (संदिग्ध) वोटर्स को लेकर प्रदर्शन हो रहा था. इस मामले को लेकर वे नेशनल हाइवे पर मार्च कर रहे थे. दरअसल, सुप्रीम कोर्ट के आदेश पर विदेशी न्यायाधिकरण डी वोटर्स की सूची की समीक्षा कर रहे हैं.

First Published : 09 May 2022, 01:36:30 PM

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