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इस साल बिना पीएचडी के भी बन सकेंगे असिस्टेंट प्रोफेसर...शिक्षा मंत्री ने लिया फैंसला

केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान (Education Minister Dharmendra Pradhan) की ओर से यह फैसला कोरोना वायरस के कारण लिया गया है. असिस्टेंट प्रोफेसर पद के लिए पीएचडी अनिवार्य होने के कारण बहुत से उम्मीदवार निराश हो जाते थे.

News Nation Bureau | Edited By : Sunder Singh | Updated on: 02 Oct 2021, 06:55:51 PM
Dharmendra Pradhan88

faile photo (Photo Credit: News Nation)

highlights

  • कोरोना की वजह से नहीं हो पाई अभ्यार्थियों की पीएडी अवार्ड 
  • UGC NET के आधार पर कर सकेंगे असिस्टेंट प्रोफेसर पद के लिए आवेदन
  • सन 2018 में  ही पीएचडी को किया था अनिवार्य

New delhi:

अगर आप भी असिस्टेंट प्रोफेसर (Assistant Professor) बनने का सपना देख रहे हैं.. साथ ही आपकी पीएचडी नहीं हो पाई है तो ये खबर आपके लिेए है..क्योंकि इस साल केंद्रीय शिक्षामंत्री धर्मेन्द्र प्रधान ने बिना पीएचडी के ही Assistant Professor पर आवेदन करने के लिए छूट दी है. इस साल केवल नेट के आधार पर ही आप असिस्टेंट प्रोफेसर पद के लिए आवेदन कर सकते हैं. सरकार के इस फैंसले से हजारों लोगों के चेहर पर खुशी लोट आई है. क्योंकि कोरोना के चलते लाखों अभ्यार्थियों की पीएचडी बाधित हुई है. शिक्षामंत्री ने कहा है कि शिक्षण संस्थानों में फैकल्टी की कमी को देखते हुए ये फैंसला लिया गया है.. 

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केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान (Education Minister Dharmendra Pradhan) की ओर से यह फैसला कोरोना वायरस के कारण लिया गया है. असिस्टेंट प्रोफेसर पद के लिए पीएचडी अनिवार्य होने के कारण बहुत से उम्मीदवार निराश हो जाते थे. शिक्षा मंत्री ने कहा कि विश्वविद्यालयों में असिस्टेंट प्रोफेसर पद पर भर्तियों (Assistant Professor Job 2021) के लिए पीएचडी की अनिवार्यता समाप्त कर दी जाएगी अब बिना पीएचडी वाले छात्र भी इस पद के लिए आवेदन के पात्र होंगे. शिक्षा मंत्री ने कहा कि पीएचडी की अनिवार्यता से राहत इसलिए दी गई है क्योंकि कोरोना महामारी के कारण पिछले दो साल से स्कॉलर्स की पीएचडी पूरी नहीं हो पाई है. उन्होंने कहा, पहले देश के उच्च शिक्षण संस्थानों में असिस्टेंट प्रोफेसर पद पर भर्ती के लिए पीएचडी अनिवार्य कर दी गई थी. लेकिन अब इस मानदंड को हटा लिया गया है. ताकि रिक्त पदों को समय पर भरा जा सके और फैकल्टी/प्रोफेसरों की कमी के चलते पढ़ाई प्रभावित न हो.

UGC NET पास होना होता था जरूरी
बता दें कि पहले कॉलेजों और विश्वविद्यालयों में असिस्टेंट प्रोफेसर पदों (Assistant Professor Job 2021) पर भर्ती के लिए यूजीसी नेट परीक्षा पास होना जरूरी होता था. लेकिन 2018 में सरकार ने कहा कि इस पद के लिए पीएचडी अनिवार्य होगी. इसके बाद सरकार ने उम्मीदवारों को अपनी पीएचडी पूरी करने के लिए तीन साल का समय दिया था. अब पीजी डिग्री वाले उम्मीदवार, जिन्होंने राष्ट्रीय पात्रता परीक्षा उत्तीर्ण की है, असिस्टेंट प्रोफेसर पद पर भर्ती के लिए पात्र होंगे. यूजीसी जल्द ही इस फैसले के संबंध में सभी उच्च शिक्षा संस्थानों को एक परिपत्र जारी करेगा. इससे कॉलेजों और विश्वविद्यालयों को सभी खाली सीटों को जल्दी भरने में मदद मिलेगी.

First Published : 02 Oct 2021, 06:30:45 PM

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