/newsnation/media/media_files/2026/02/01/foreign-studies-budget-2026-2026-02-01-18-59-24.jpg)
Union Budget 2026: केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने बजट 2026-27 पेश करते हुए मध्यम वर्ग और अभिभावकों को बड़ी राहत दी है. सरकार ने विदेश में पढ़ाई और इलाज के लिए भेजी जाने वाली रकम पर लगने वाले टैक्स कलेक्टेड ऑन सोर्स (TCS) को कम करने का फैसला किया है. यह फैसला उन परिवारों के लिए खास मायने रखता है, जिनके बच्चे विदेश में उच्च शिक्षा प्राप्त कर रहे हैं या जिन्हें विदेश में इलाज कराना पड़ता है.
शिक्षा और स्वास्थ्य पर TCS घटाकर 2 फीसदी
वित्त मंत्री ने अपने बजट भाषण में बताया कि उदारीकृत प्रेषण योजना (LRS) के तहत शिक्षा और चिकित्सा उद्देश्यों के लिए लगने वाला TCS अब 5 प्रतिशत से घटाकर 2 प्रतिशत कर दिया गया है. यह टैक्स 10 लाख रुपये से अधिक की रकम विदेश भेजने पर लगाया जाता है. इस बदलाव से पेरेंट्स और मरीजों को हजारों रुपये की सीधी बचत होगी.
TCS कम होने से कितनी होगी बचत?
पहले अगर कोई व्यक्ति विदेश में पढ़ाई या इलाज के लिए 20 लाख रुपये भेजता था, तो उसे 5% के हिसाब से 1 लाख रुपये TCS देना पड़ता था. अब नई दर के तहत 2% यानी सिर्फ 40 हजार रुपये देने होंगे. इस तरह सीधे 60 हजार रुपये की बचत होगी. हालांकि, इसके लिए पैन कार्ड देना जरूरी होगा, बिना पैन के TCS की दर अधिक हो सकती है.
विदेश में इलाज अब होगा थोड़ा किफायती
बजट 2026 में इलाज के लिए विदेश भेजी जाने वाली रकम पर भी TCS घटाने का ऐलान किया गया है. इससे गंभीर बीमारियों के इलाज के लिए विदेश जाने वाले मरीजों को आर्थिक राहत मिलेगी और मेडिकल टूरिज्म से जुड़ी परेशानियां कुछ हद तक कम होंगी.
विदेश यात्रा करने वालों को भी राहत
सिर्फ पढ़ाई और इलाज ही नहीं, बल्कि विदेश यात्रा और हॉलिडे पैकेज पर लगने वाले खर्च पर भी TCS घटाया गया है. इससे विदेश घूमने के शौकीनों को यात्रा थोड़ी सस्ती पड़ेगी और ट्रैवल इंडस्ट्री को भी बढ़ावा मिलने की उम्मीद है.
GDP और वित्तीय स्थिति पर क्या बोलीं वित्त मंत्री?
वित्त मंत्री ने देश की आर्थिक स्थिति पर भी जानकारी दी। उन्होंने बताया कि 2026–27 में ऋण-से-जीडीपी अनुपात घटकर 55.6% रहने का अनुमान है. राजकोषीय घाटा जीडीपी का 4.3% रहेगा. गैर-ऋण प्राप्तियां 36.5 लाख करोड़ रुपये रहने का अनुमान है. छोटे व्यापारियों और फ्रीलांसर्स के लिए आसान नियम.
बजट में छोटे व्यापारियों, आउटसोर्सिंग एजेंसियों और फ्रीलांस प्रोफेशनल्स के लिए टैक्स नियमों को सरल बनाने की भी बात कही गई है, जिससे कारोबार करना आसान होगा.
कुल मिलाकर बजट 2026–27 का यह फैसला मध्यम वर्ग, छात्रों और मरीजों के लिए बड़ी राहत लेकर आया है. TCS में कटौती से विदेश में पढ़ाई, इलाज और यात्रा अब पहले से कहीं ज्यादा आसान और किफायती हो जाएगी.
यह भी पढ़ें - Union Budget 2026: क्या है 'ऑरेंज इकोनॉमी'? किस क्षेत्र को होगा सबसे ज्यादा फायदा
/newsnation/media/agency_attachments/logo-webp.webp)
Follow Us