News Nation Logo
Banner

रिजर्व बैंक (Reserve Bank) ने ब्याज दरों में 0.75 फीसदी की कटौती का ऐलान किया, सस्ते होंगे होम, ऑटो और पर्सनल लोन

रिजर्व बैंक (Reserve Bank) ने ब्याज दरों को घटाकर 4.40 फीसदी कर दिया है. MPC ने 4:2 के अनुपात में रेट कटौती का फैसला लिया है. RBI ने LAF में भी 0.9 फीसदी की कटौती की घोषणा की है.

News Nation Bureau | Edited By : Dhirendra Kumar | Updated on: 27 Mar 2020, 10:47:04 AM
Shaktikanta Das RBI

शक्तिकांत दास (Shaktikanta Das) (Photo Credit: फाइल फोटो)

मुंबई:

रिजर्व बैंक (Reserve Bank Of India) ने ब्याज दरों में 0.75 फीसदी की कटौती का ऐलान किया है. रिजर्व बैंक (RBI) ने ब्याज दरों (Repo Rate) को 5.15 फीसदी से घटाकर 4.40 फीसदी कर दिया है. आरबीआई ने रिवर्स रेपो रेट (Reverse Repo Rate) में भी 90 बेसिस प्वाइंट की कटौती करते हुए 4.90 फीसदी से घटाकर 4 फीसदी कर दिया है. MPC ने 4:2 के अनुपात में रेट कटौती का फैसला लिया है.

यह भी पढ़ें: बैंकों के विलय पर नहीं पड़ेगा लॉकडाउन का असर, 1 अप्रैल से ही शुरू होगी विलय की प्रक्रिया

RBI ने LAF (लिक्विडिटी एडजेस्टमेंट फैसिलिटी) में भी 0.9 फीसदी की कटौती की घोषणा की है. अब LAF घटकर 4 फीसदी हो गया है. सभी बैंकों के सीआरआर (CRR) में भी 1 फीसदी तक की कटौती का निर्णय लिया गया है. CRR में कटौती 1 साल के लिए लागू की गई है. CRR में कटौती से बैंकों को 1.37 लाख करोड़ रुपये मिलेंगे.

यह भी पढ़ें: Gold Rate Today 27 March 2020: अमेरिका में आए बेरोजगारी के खराब आंकड़ों से सोने-चांदी में आ सकती है तेजी, देखें टॉप ट्रेडिंग कॉल्स

कोरोना वायरस की वजह से पहले हुई MPC की मीटिंग

रिजर्व बैंक (RBI) के गवर्नर शक्तिकांत दास (Shaktikanta Das) ने कहा है कि मौजूदा समय जैसी अस्थिरता कभी नहीं देखी गई है. कोरोना वायरस की वजह से आउटलुक अनिश्चित और निगेटिव है. उन्होंने कहा कि कोरोना वायरस की वजह से मांग में काफी कमी आई है. घरेलू अर्थव्यवस्था को सुरक्षा देना समय की मांग है. कोरोना वायरस की वजह से मौजूदा परिस्थितियों को देखते हुए मौद्रिक नीति की बैठक (MPC) ने पहले बैठक की है. उन्होंने कहा कि वित्तीय स्थिरता के लिए सेंट्रल बैंक ने यह कदम उठाए हैं. उन्होंने कहा कि सभी टर्म लोन के लिए 3 महीने का Moratorium लागू किया गया है. नेट फंडिंग नियम को 6 महीने के लिए टाल दिया गया है. उन्होंने कहा कि क्रेडिट फ्लो बनाए रखने के लिए RBI ने कई महत्वपूर्ण कदम उठाए हैं. लिक्विडिटी के लिए 1 लाख करोड़ रुपये तक के LTRO करने का फैसला लिया गया है.

यह भी पढ़ें: Petrol Rate Today 27th March 2020: लॉकडाउन में आपके शहर में किस भाव पर मिल रहा है पेट्रोल-डीजल, देखें लिस्ट

गुरुवार को वित्त मंत्री ने 1.70 लाख करोड़ के राहत पैकेज का किया था ऐलान

बता दें कि गुरुवार को सरकार ने गरीबों के लिए 1 लाख 70 हजार करोड़ रुपये के राहत पैकेज का ऐलान किया है. वित्‍त मंत्री (Finance Minister) निर्मला सीतारमण (Nirmala Sitharaman) ने प्रधानमंत्री गरीब कल्याण योजना के तहत इस राहत पैकेज की घोषणा की है.

फरवरी की क्रेडिट पॉलिसी में स्थिर रखी गई थीं ब्याज दरें

गौरतलब है कि फरवरी की क्रेडिट पॉलिसी (Credit Monetary Policy) में रिजर्व बैंक (Reserve Bank) ने नीतिगत ब्याज दरों में कोई बदलाव नहीं किया था. आरबीआई (RBI) ने ब्याज दरों को स्थिर रखा था. मौद्रिक नीति समिति (MPC) के सभी 6 सदस्य ब्याज दरों में बदलाव करने के पक्ष में नहीं थे. रिजर्व बैंक ने रेपो रेट 5.15, रिवर्स रेपो रेट 4.90 फीसदी, एमएसएफआर 5.40 फीसदी और बैंक रेट 5.40 फीसदी के स्तर पर बरकरार रखा था. RBI ने CRR 4 फीसदी और SLR 18.5 फीसदी पर बनाए रखने की घोषणा की थी.

यह भी पढ़ें: लॉकडाउन के बीच स्टेट बैंक (SBI) के ग्राहकों को घर बैठे मिलेंगी ये महत्वपूर्ण सुविधाएं

क्या होता है रेपो रेट, रिवर्स रेपो रेट

रेपो रेट (Repo Rate) वह दर होती है जिस दर पर रिजर्व बैंक (RBI) दूसरे व्यवसायिक बैंक को कर्ज देता है. व्यवसायिक बैंक रिजर्व बैंक से कर्ज लेकर अपने ग्राहकों को लोन ऑफर करते हैं. रेपो रेट कम होने से आपके लिए लोन की दरें भी कम होती हैं. वहीं रिवर्स रेपो रेट वह दर होती है जिस पर बैंकों को रिजर्व बैंक में जमा उनकी पूंजी पर ब्याज मिलता है.

First Published : 27 Mar 2020, 10:09:18 AM

For all the Latest Business News, Banking News, Download News Nation Android and iOS Mobile Apps.

×